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सांसद महेश पोद्दार के प्रश्न पर सरकार ने दी जानकारी, देश में नहीं है डॉक्टरों की कमी

Ranchi : देश में 502 मेडिकल कॉलेज हैं, जो 70412 एमबीबीएस सीटों की प्रवेश क्षमता के साथ दुनिया में सबसे ज्यादा हैं. पिछले पांच वर्षों के दौरान देश में 118 नए मेडिकल कॉलेज स्थापित किए गए हैं और 18635 सीटों की वृद्धि हुई है. राज्यसभा में मंगलवार को सांसद महेश पोद्दार के एक तारांकित प्रश्न के उत्तर में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे पी नड्डा ने यह जानकारी दी है.

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डॉक्टर जनसंख्या अनुपात डब्ल्यूएचओ मानक से बेहतर

नड्डा ने भारतीय चिकित्सा परिषद (एमसीआई) द्वारा उपलब्ध कराई गयी जानकारी के आधार पर बताया कि 31 मार्च, 2018 तक राज्य मेडिकल काउंसिल / मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया के साथ पंजीकृत कुल 10,78,732 एलोपैथिक डॉक्टर हैं. इनमें से 80% की उपलब्धता मानते हुए, अनुमान लगाया गया है कि लगभग 8.63 लाख डॉक्टर वास्तव में सक्रिय सेवा के लिए उपलब्ध हो सकते हैं. मतलब 1.33 बिलियन (जनसंख्या स्थिरता कोष के आंकड़ों के मुताबिक) की जनसंख्या अनुमान के अनुसार देश में डॉक्टरों और जनसंख्या का अनुपात 1: 1541 है.  इसके अलावा, देश में 7.63 लाख आयुर्वेद, यूनानी और होम्योपैथी (एयूएच) डॉक्टर हैं. इनमें से 80% उपलब्धता मानते हुए, अनुमान लगाया गया है कि लगभग 6.10 लाख आयुर्वेद, यूनानी और होम्योपैथी (एयूएच) डॉक्टर वास्तव में सक्रिय सेवा के लिए उपलब्ध हो सकते हैं. एलोपैथिक डॉक्टरों के साथ इन्हें मिलाकर देश में डॉक्टरों और जनसंख्या का अनुपात 1: 902 है. जो कि विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा निर्धारित 1: 1000 के अनुपात से काफी बेहतर है.

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82 कमजोर जिलों में जिला अस्पतालों से जुड़े मेडिकल कॉलेजों की स्थापना की योजना 

पोद्दार के प्रश्न पर यह भी बताया गया कि सरकार देश के अल्प सेवित क्षेत्रों के 82 जिलों में जिला / रेफरल अस्पतालों से जुड़े नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना के लिए एक केंद्र प्रायोजित योजना लागू कर रही है. 22 ऐसे कॉलेज कार्यरत हो गए हैं. मौजूदा सरकारी मेडिकल कॉलेजों में यूजी और पीजी सीटों को बढ़ाने के लिए अन्य केंद्र प्रायोजित योजनाएं भी हैं. नए कॉलेजों की स्थापना की सुविधा के लिए भूमि, संकाय, कर्मचारियों, बिस्तर / बिस्तर क्षमता और अन्य बुनियादी ढांचे की आवश्यकता सहित मेडिकल कॉलेजों के लिए न्यूनतम मानक आवश्यकताओं (एमएसआर) को तर्कसंगत बनाया गया है ताकि नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना को सुगम बनाया जा सके. हर साल देश में डॉक्टरों की संख्या में क्रमिक वृद्धि हो रही है, जिससे डॉक्टर जनसंख्या अनुपात में सुधार हुआ है.

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कुछ तथ्य 

  • सबसे ज्यादा डॉक्टर महाराष्ट्र में : 1,58,998.
  • सबसे कम डॉक्टर नागालैंड में  : 801.
  • झारखंड में डॉक्टर्स की संख्या : 5165.
  • झारखंड में मेडिकल कॉलेज 3, सीटें 350.
  • सबसे ज्यादा मेडिकल कॉलेज कर्णाटक में : 57, सीटें 8845.
  • सबसे कम एक – एक मेडिकल कॉलेज सिक्किम में 100 सीटें.
  • मिजोरम में 100 सीटें.
  • मेघालय में 50 सीटें.
  • गोवा में 150 सीटें.
  • चंडीगढ़ में 100 सीटें.
  • अरुणाचल प्रदेश में 50 सीटें.
  • अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में 100 सीटें.

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