JharkhandLead NewsRanchi

Jharkhand News : सीएम ने हर पंचायत में स्थायी वैक्सीनेशन सेंटर स्थापित करने का दिया आदेश

मुख्यमंत्री ने चेताया, ओमिक्रोन के खतरे को हल्के में न लें, सतर्कता जरूरी

Ranchi : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि कोविड-19 के नए वेरिएंट ओमिक्रोन के संभावित खतरों को देखते हुए हर स्तर पर अलर्ट रहें. कोरोना संक्रमण का नया वेरिएंट राज्य में पैर नहीं पसार सके इस निमित्त पूरी तैयारी रखें. राज्य में कोरोना प्रोटोकॉल का हर हाल में पालन हो यह सुनिश्चित करें. कोविड वैक्सीनेशन कार्य में तेजी लाएं. कोरोना संक्रमण से बचने का कारगर उपाय सिर्फ और सिर्फ टीकाकरण ही है.

मुख्यमंत्री ने गुरुवार को झारखंड मंत्रालय में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की. इसमें राज्य में कोरोना संक्रमण की अद्यतन स्थिति एवं नए वेरिएंट ओमिक्रोन से बचाव को लेकर राज्य सरकार द्वारा की जा रही तैयारियों की समीक्षा की गयी.

इसे भी पढ़ें:शिक्षकों के वेतन मामले पर हाइकोर्ट ने कहा- सचिव और निदेशक नहीं बना सकते कोई भी नियम, कैबिनेट स्वीकृति जरूरी

शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित हो

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों ने पहला डोज नहीं लिया है, उनको पहला डोज लगाएं तथा जिन लोगों को दूसरा डोज नहीं लगा है, वे ससमय दूसरा डोज लगा लें. यह हर हाल में सुनिश्चित करें.

राज्य में 18 वर्ष से ऊपर के सभी लोगों का शत-प्रतिशत टीकाकरण कार्य सुनिश्चित हो यह राज्य सरकार का लक्ष्य है. 20 जनवरी 2022 तक शत प्रतिशत टीकाकरण कार्य के लक्ष्य को पूरा करें. अधिकारी कोविड टीकाकरण कार्य में हर हाल में तेजी लाने का प्रयास करें.

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन राज्यों में शत-प्रतिशत टीकाकरण कार्य हो चुके हैं, उन राज्यों के टीकाकरण मॉडल की जानकारी प्राप्त कर एक बेहतर कार्ययोजना बनाएं.

इसे भी पढ़ें:Ranchi पुलिस ने अंतरराज्यीय चोर गिरोह का किया पर्दाफाश, 5 अपराधी गिरफ्तार

सभी सेंटरों में वैक्सीनेशन टीम की प्रतिनियुक्ति करेः

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि राज्य के हरेक पंचायत मुख्यालयों में स्थायी वैक्सीनेशन सेंटर स्थापित करें. सभी सेंटरों में वैक्सीनेशन टीम की प्रतिनियुक्ति करें. आवश्यकता अनुसार वैक्सीनेशन टीम पंचायत स्थित विभिन्न गांवों में घर-घर जा कर छूटे हुए लोगों का पहला एवं दूसरा डोज लगाने का काम प्राथमिकता के तौर पर करें. मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 के नए वेरिएंट ओमिक्रोन को हमें हल्के में नहीं लेना है.

इसे भी पढ़ें:वर्तमान सरकार में झारखंड में सुरक्षित नहीं बीजेपी कार्यकर्ताः डॉ आशा लकड़ा

विदेशों से आने वाले लोगों की कोविड जांच सुनिश्चित करें

मुख्यमंत्री श्री सोरेन ने कहा कि विदेशों से आने वाले लोगों का कोविड जांच हर हाल में हो यह सुनिश्चित करें. एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन एवं बस अड्डों पर विदेश तथा दूसरे राज्यों से आने वाले लोगों की जांच की व्यवस्था दुरुस्त रखें. जांच में पॉजिटिव पाए जाने पर ओमिक्रोन वेरिएंट है या नहीं इसकी जांच के लिये सैम्पल को यथाशीघ्र ओडिशा भेजें. पॉजिटिव मरीजों की 8 दिनों बाद दोबारा कोविड जांच अवश्य करें.

इसे भी पढ़ें:भाजपा युवा मोर्चा नेता सूरज सिंह की हत्या पर भाजपा में उबाल, दीपक प्रकाश ने कहा- हेमंत सरकार में अपराधियों के निशाने पर भाजपा कार्यकर्ता

ओमिक्रोन वेरिएंट के मरीजों के लिए अलग वार्ड बनायें

ओमिक्रोन वेरिएंट के मरीजों के बेहतर इलाज के लिये कोविड अस्पतालों में अलग वार्ड की व्यवस्था करें. राज्य के सभी जिलों में पर्याप्त मात्रा में दवा, आईसीयू बेड, ऑक्सीजन बेड आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करें.

जिस जिले अथवा क्षेत्रों में पॉजिटिव मरीजों की संख्या ज्यादा है, वहां कोविड जांच अधिक से अधिक हो यह सुनिश्चित करें.

इसे भी पढ़ें :जनता के द्वार पहुंच रही हेमंत सरकार, बाबूलाल का तंज, कहा-BDO-CO का काम कर रहे सीएम

25 जनवरी 2022 तक और 13 ऑक्सीजन प्लांट होंगे तैयार

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में सरकारी और निजी संस्थानों ने मिलाकर 99 मेडिकल ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करने का का लक्ष्य रखा था. अबतक 80 मेडिकल ऑक्सीजन के प्लांट राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में स्थापित हो चुके हैं.

आगामी 25 जनवरी तक 13 और मेडिकल ऑक्सीजन प्लांट बनकर तैयार हो जाएंगे. मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना संक्रमण का खतरा अभी टला नहीं है. हम सभी का लक्ष्य होना चाहिए कि स्थिति के अनुसार हम विपत्तियों का सामना मजबूती के साथ कर सकें इस निमित्त पूरी तैयारी रहे.

35.58 प्रतिशत लोग ले चुके हैं दूसरा डोज

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से राज्य में कोरोना की अद्यतन स्थिति एवं तैयारियों की जानकारी मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के समक्ष रखी. प्रेजेंटेशन के माध्यम से यह बताया गया कि राज्य में अभी 129 पॉजिटिव मरीज हैं.

वहीं झारखंड में अबतक 70.45 प्रतिशत लोगों को कोविड वैक्सीनेशन का पहला डोज एवं 35.58 प्रतिशत लोगों को दूसरा डोज लग चुका है. राज्य के कोविड अस्पतालों में मरीजों के बेहतर इलाज के लिये 14863 ऑक्सीजन बेड, 3204 आईसीयू बेड, 1456 वेंटिलेटर तथा 8738 नार्मल बेड तैयार रखे गए हैं.

छोटे बच्चों के गुणवत्तापूर्ण इलाज के लिये 1147 आईसीयू बेड, 1799 ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड, 234 वेंटिलेटर एवं 375 मीडियम आईसीयू (एचडीयू) बेड तैयार किए गए हैं.

इसे भी पढ़ें :कोहली को कप्तानी से हटाने को लेकर रवि शास्त्री का चौंकाने वाला बयान, कह दी ये बड़ी बात

Related Articles

Back to top button