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एएमयू : हिज्बुल मुजाहिदीन के आतंकी के शोकसभा मामले में कश्मीरी छात्रों पर देशद्रोह का मुकदमा

 Lucknow : अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) में पीएचडी स्कॉलर से हिज्बुल मुजाहिदीन के आतंकी बने मन्नान बशीर वानी की याद में शोकसभा आयोजित करने को लेकर गुरुवार को यूनिवर्सिटी कैंपस में कश्मीरी छात्रों ने भारी हंगामा किया था. खबरों के अनुसार पुलिस ने हंगामा मचाने वाले कश्मीरी छात्रों के खिलाफ केस दर्ज किया है, जिसमें देशद्रोह का मुकदमा भी शामिल है.  अलीगढ़ सिविल लाइन्स के एसएचओ विनोद कुमार ने इस संबंध में बताया कि पुलिस सब-इंस्पेक्टर इसरार अहमद को मिली जानकारी के आधार पर एफआईआर दर्ज की गयी है.  एफआईआर में दो कश्मीरी छात्र वसीम अयूब मलिक और अब्दुल हफीज मीर के नाम शामिल है.  साथ ही कई अज्ञात कश्मीरी छात्रों पर भी मुकदमे दर्ज किये गये हैं.  एफआईआर में कहा गया है कि कश्मीरी छात्रों ने गुरुवार को एएमयू में आजादी, आजादी…के नारे लगाये. साथ ही मन्नान बशीर वानी के समर्थन में देश-विरोधी नारे भी लगाये.

एसएचओ के अनुसार आईपीसी की धारा 147, 124ए, 153ए और 153बी के तहत मामला दर्ज किया गया है.  फिलहाल पुलिस यूनिवर्सिटी प्रशासन के साथ कॉर्डिनेट कर सीसीटीवी फुटेज प्राप्त करने की कोशिश में है, ताकि अन्य कश्मीरी छात्रों को पहचाना जा सके. बता दें कि अभी तक इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है.

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एएमयू प्रशासन ने नौ कश्मीरी छात्रों को नोटिस भेजा

गुरुवार को मन्नान बशीर वानी को सुरक्षाबलों ने कश्मीर में एक मुठभेड़ के क्रम में मार गिराया था. इसके बाद कश्मीरी छात्र मन्नान बशीर को शहीद घोषित करने और उसकी याद में नमाज-ए-जनाजा का आयोजन करने की जुगत में थे.  इस खबर पर कश्मीरी छात्रों को सीनियर छात्रों ने समझाने की कोशिश की. लेकिन हंगामा होता रहा.  प्रॉक्टोरियल टीम और कश्मीरी छात्रों में तीखी नोकझोंक भी हुई.   इस मामले में एएमयू प्रशासन ने यूनिवर्सिटी में नमाज-ए-जनाजा का आयोजन करने के मामले में आरोपी माने गये नौ कश्मीरी छात्रों को नोटिस भेजा है.   यूनिवर्सिटी ने तीन सदस्यों वाली टीम गठित कर उन्हें इस मामले पर रिपोर्ट पेश करने को कहा है.  एएमयू रजिस्ट्रार अब्दुल हमीद के अनुसार कमेटी अगले 72 घंटों में अपनी रिपोर्ट सौंप देगी.  कमेटी रिपोर्ट और छात्रों के जवाब के बाद कार्रवाई की जायेगी.

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