
Deepak
Ranchi : झारखंड सरकार आंगनबाड़ी सेविकाओं की कार्यक्षमता बढ़ाने को लेकर 28 हजार और स्मार्ट फोन देगी. सरकार ने पहले चरण में 12 हजार आंगनबाड़ी सेविकाओं को स्मार्ट फोन दिया है. अब दूसरे चरण में 28 हजार स्मार्ट फोन और खरीदे जायेंगे. महिला और बाल विकास विभाग की तरफ से लिये गये फैसले के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों में यह स्मार्ट फोन दिया जायेगा. जल्द ही कैबिनेट की स्वीकृति मिलने के बाद गवर्नमेंट इलेक्ट्रोनिक मार्केट (जेम) के जरिये मोबाइल की खरीददारी पूरी कर ली जायेगी.
राज्य भर में हैं 40 हजार आंगनबाड़ी केंद्र
झारखंड में 40 हजार आंगनबाड़ी केंद्र हैं. इन केंद्रों से सरकार पोषाहार योजना चला रही है. इतना ही नहीं सभी जिलों में अच्छा काम करनेवाले केंद्रों को मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र के रूप में भी तब्दील किया जा रहा है. मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों में छह माह से तीन वर्ष तक के बच्चों को प्री-स्कूलिंग की सुविधा भी दी जायेगी. इतना ही नहीं बच्चों के लिए अतिरिक्त पोषाहार और अन्य केंद्रीय योजनाओं का लाभ भी दिया जा रहा है.
12 हजार केंद्रों को किया जा चुका है ऑनलाइन
राज्य सरकार की ओर से 12 हजार केंद्रों को ऑनलाइन किया जा चुका है. संबंधित जिलों के जिला समाज कल्याण पदाधिकारी को पोषाहार, अतिरिक्त पोषाहार और अन्य केंद्रीय योजनाओं का लाभ सीधे प्रत्यक्ष नगद हस्तांतरण के जरिये किया जा रहा है. सरकार की तरफ से डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभुकों तक राशि विमुक्त की जा रही है. औसतन प्रत्येक केंद्र में आनेवाले 20-25 बच्चों के सारे रिकार्ड भी रखे जा रहे हैं, ताकि उनके स्वास्थ्य, अतिरिक्त पोषाहार के विकास संबंधी आंकड़ें ऑनलाइन महिला और बाल विभाग को दिया जा सके.




