
निवेश और लोक परिसंपत्ति प्रबंधन विभाग (डीआईपीएएम) ने बोली दस्तावेज में कहा कि बीपीसीएल की रणनीतिक बिक्री के लिए दो मई को रूचि पत्र जारी किया था.
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सरकार के पास BPCL में 114.91 करोड़ इक्विटी शेयर
इसमें कहा गया कि भारत सरकार बीपीसीएल में अपने 114.91 करोड़ इक्विटी शेयर यानि बीपीसीएल की इक्विटी शेयर पूंजी में से कुल 52.98 प्रतिशत साझेदारी के रणनीतिक विनिवेश के साथ ही प्रंबधन नियंत्रण को रणनीतिक खरीदार का प्रस्ताव दे रही है.
सरकार ने रणनीतिक विनिवेश प्रक्रिया के प्रबंधन और इस विषय पर सलाह देने के लिए डेलोइट टोशे टोमात्सु इंडिया एलएलपी को अपने सलाहकार के रूप में अनुबंधित किया है.
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गौरतलब है कि बीपीसीएल मुंबई (महाराष्ट्र), कोच्चि (केरल), बीना (मध्य प्रदेश) और नुमालीगढ़ (असम) में चार रिफाइनरी का परिचालन करती है. इनकी संयुक्त रूप से क्षमता 3.83 करोड़ टन है. यह देश की रिफाइनिंग क्षमता 24.94 करोड़ टन का 15 प्रतिशत है. नुमालीगढ़ रिफाइनरी को बीपीसीएल से अलग कर दिया गया है. ऐसे में बीपीसीएल खरीदने वाले को 3.53 करोड़ टन की रिफाइनिंग क्षमता प्राप्त होगी.





New Delhi: सरकार ने भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेचने को तैयार है. सरकार अपनी 52.98 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने के लिए शनिवार को बोलियां आमंत्रित की।