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झारखंड के जेलों से चल रहा है अपराधियों का खेल, खुलेआम मांग रहे रंगदारी

Ranchi : किसी भी क्राइम के लिए अपराधियों को दंड दिया जाता है. उन्हें जेल में डाला जाता है ताकि अपने गुनाह की सजा काटकर अपराधियों को अफसोस हो और आगे से कोई क्राइम ना करें. लेकिन अब इसके बिल्कुल उल्टा हो रहा है.

झारखंड में जेल अपराधियों के लिए सेफ जोन बना गया है. जेल के अंदर से ही कुख्यात अपराधी हत्या,रंगदारी जैसी घटनाओं की साजिश रच रहे हैं. जेल में मोबाइल फोन का उपयोग पर रोक है.

लेकिन जेल में बैठे बड़े अपराधी मोबाइल फोन से लगातार रंगदारी और हत्या कि साजिश रचने का काम बाहर बैठे अपने गिरोह के अपराधियों से करवा रहे हैं. इससे साफ तौर पर जाहिर होता है कि किस तरह से जेल अपराधियों के लिए क्राइम करने के लिए सेफ जोन बन गया है.

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बड़े व्यवसायियों,नेता से मांगी जा रही रंगदारी

झारखंड के जेल में बंद अपराधी राज्य के बड़े व्यवसायियों,कोयला कारोबारियों एवं रेललाइन, सड़क और पुल निर्माण करने वाली कंपनियों से रंगदारी की मांग की जा रही है और नहीं देने पर जान से मारने की धमकी भी खुलेआम दी जा रही है.

दुमका जेल में बंद अनिल शर्मा, रांची जेल में बंद अपराधी लवकुश शर्मा, पलामू जिले में बंद विकास तिवारी, जमशेदपुर जेल में बंद अखिलेश सिंह का शूटर कन्हैया सिंह और जमशेदपुर जेल में बंद कुख्यात अपराधी सुजीत सिन्हा समेत कई अपराधी जेल से ही रंगदारी मांग रहे हैं. जेल में जैमर लगे होने के बावजूद अपराधी इसका गलत इस्तेमाल करके आराम से वसूली कर रहे हैं.

जेल में हो रहा है मोबाइल फोन का उपयोग

झारखंड के जेलों में बंद बड़े अपराधी धड़ल्ले से मोबाइल फोन का उपयोग कर रहे हैं. आश्चर्य की बात यह है कि जब जेल में छापेमारी की जाती है तो उस समय जेल से कोई भी आपत्तिजनक वस्तु और मोबाइल फोन भी बरामदगी नहीं होती है.

लेकिन जेल के अंदर से अपराधी मोबाइल फोन के जरिए बाहरी दुनिया में सक्रिय हैं और अपराधिक घटनाओं का अंजाम दिलवा रहे हैं.

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सोहेल अहमद ने नेता,अफसर,व्यवसायी से मांगी रंगदारी

दस दिन पहले रामगढ़ जेल में बंद सोहेल अहमद ने रांची के कुछ बड़े व्यवसायी और चर्चित व्यक्तियों के अलावा कुछ नेताओं से रंगदारी मांगी थी. इतना ही नहीं सोहेल अहमद ने रामगढ़ जेल में बंद होते हुए भी महत्वपूर्ण पद पर बैठे एक अधिकारियों से दो करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी. जिसके बाद पूरे पुलिस महकमे में खलबली मच गयी थी. सोहेल अहमद ने रांची के 30 से अधिक व्यवसायियों से 1-5 करोड़ के बीच की रंगदारी की मांग की थी.

अनिल शर्मा ने व्यवसायियों से की थी रंगदारी की मांग

दुमका जेल में बंद होने के बाद भी अनिल शर्मा अपना साम्राज्य चला रहा है. जेल की सुरक्षा व्यवस्था को ठेंगा दिखाते हुए फोन से ही रांची के व्यवसायी से रंगदारी वसूल रहा है. जिससे जेल की व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं.

अनिल शर्मा ने फोन से रांची के एक व्यवसायी से रंगदारी मांगी थी. 13 जुलाई 2019 को जेल में बंद अपराधी अनिल शर्मा के राइट हैंड डब्ल्यू सिंह उर्फ डब्ल्यू शर्मा को पुलिस ने रेलवे ठेकेदार की हत्या की योजना बनाने के मामले में गिरफ्तार किया था.

डब्ल्यू ने बताया कि अनिल शर्मा के कहने पर ही उसने तीन ठेकेदारों से 20-20 लाख की रंगदारी मांगी थी.

जेल में बंद सुजीत सिन्हा ने रची हत्या की साजिश

जमशेदपुर जेल में बंद कुख्यात अपराधी सुजीत सिन्हा ने जेल के अंदर से ही रांची भाजपा के कोषाध्यक्ष सह बिल्डर रमेश सिंह और रांची के बरियातू रोड में रहने वाले माइंस कारोबारी अविनाश झा की हत्या की साजिश जेल के अंदर से रची थी.सुजीत पलामू के दोहरे हत्याकांड में जमशेदपुर जेल में बंद है.

जेल से ही मोबाइल फोन पर सुजीत ने झारखंड के रामगढ़ और बिहार के कुछ शूटरों से संपर्क किया. लेकिन पूरे मामले की जानकारी सीआईडी को मिल गई. जिसके बाद सभी शूटरों को गिरफ्तार कर लिया गया.

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