JharkhandRanchi

ग्रामीणों को राज्य के सर्वांगीण विकास का हिस्सा बनाने के लिए मानकों की तय हो प्राथमिकता: के श्रीनिवासन

Ranchi: बिरसा हरित ग्राम योजना के निमित्त आज विभागीय सभागार में आगामी वित्तीय वर्ष 2024-25 के सफल क्रियान्वयन को लेकर राज्य के सभी उप विकास आयुक्तों एवं परियोजना पदाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की गयी. ग्रामीण विकास सचिव श्री के० श्रीनिवासन ने कहा कि ग्रामीणों को राज्य का सर्वांगीण विकास का हिस्सा बनाने के लिए कई मानकों को तय करना है.

बैठक में श्रीनिवासन ने सभी डीडीसी को निर्देश दिया कि प्रखंडवार/ पंचायतवार पौधारोपण के निर्धारित लक्ष्य को निश्चित रूप से पूरा करें साथ ही उन्होंने खराब प्रदर्शन करने वाले जिलों को कार्य में तेजी लाने का निदेश दिया. कार्य में दक्षता हेतु प्रशिक्षण अति महत्वपूर्ण है. प्रशिक्षण से कार्य करने की क्षमता विकसित होगी और अच्छे से हम अपने दायित्वों को पूरा कर सकेंगे.

सचिव ने प्रशिक्षुओं से कहा कि बिरसा हरित ग्राम योजना के लक्ष्य के अनुरूप कार्य करें. . उन्होंने शतप्रतिशत सीपीटी(पशु रोधक खाई) का कार्य करने का निर्देश दिया. सचिव ने  मिश्रित बागवानी के द्वारा आम जनों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि वितीय वर्ष 2024-25 में मिश्रित बागवानी के तहत किसानों को आम, नीबू, अमरूद एवं इमारती पौधा लगवाने के लिए प्रेरित करें, ताकि किसानों की आर्थिक स्थिति को सुधारा जा सके.

बैठक में मनरेगा आयुक्त ने कहा कि राज्य के सभी जिलों में बिरसा हरित ग्राम योजना अंतर्गत वृक्षारोपण का कार्य किया जा रहा है. इस बार आम की बागवानी के अलावा अन्य फलदार पौधों की बागवानी बढ़ावा देना है. बैठक में मनरेगा आयुक्त ने बिरसा हरित ग्राम योजना के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध किये गए कार्यों एवं योजना के सफल क्रियान्वयन हेतु कई महत्वपूर्ण बिंदुओं की जानकारी का प्रस्तुतिकरण के माध्यम जानकारी दी. बैठक में संयुक्त सचिव, ग्रामीण विकास विभाग अरुण कुमार सिंह, सहित अन्य पदाधिकारीगण बैठक उपस्थित थे.

इसे भी पढ़ें: झारखंड के राज्यकर्मियों को होली का तोहफा, अब मिलेगा 50 प्रतिशत डीए

Related Articles

Back to top button