
Palamu: उत्तर कोयल नदी पर मोहम्मदगंज बराज से निकली उतरी नहर में आज लंबे समय बाद पानी छोड़ा गया. बुधवार की शाम 6.30 बजे भीम बराज से कोयल नहर में पानी छोड़ दिया गया. इस वर्ष निर्धारित समय से 20 दिन के बाद नहर में पानी छोड़ा गया.
मालूम हो कि नहर की सफाई व मरम्मत चलने के कारण नहर में पानी को विलंब से छोड़ा गया है. इस नहर से बिहार व पलामू के किसानों की भूमि की सिंचाई होती है. धान का बिचड़ा डालने के बाद इस नहर की पानी की आशा में किसान थे. बिचड़ा तैयार कर किसान रोपनी की तैयारी में लगे थे. किसानों ने बताया कि अब रोपनी का कार्य नहर में पानी छोड़े जाने के बाद चालू कर दिया जाएगा.
ये भी पढ़ें- भागोडीह सुपर पावर ग्रिड में 45 लाख की तेल चोरी, अगस्त से ट्रांसमिशन लाइन के शुरू होने की है संभावना
इस नहर से बिहार की करीब 72 हजार हेक्टेयर व हुसैनाबाद की 12 हजार हेक्टेयर भूमि की सिंचाई सम्भव होती हैं. विभाग के सहायक अभियंता नरसिंह प्रसाद ने बताया कि फिलहाल नहर में 300 क्विसेक पानी छोड़ा गया है. जरूरत पड़ने व बराज में पानी का जलस्तर बढ़ने के बाद पानी अधिक छोड़ा जायेगा. बराज व इसके फाटक संचालन के लिये मौसमी मजदूर को भी लगा दिये गए हैं. नहर का बाकी कार्य अब खरीफ फसल के पूर्व शुरू किया जायेगा.
ये भी पढ़ें- धनबाद के 50वें उपायुक्त बने उमा शंकर सिंह, किया पदभार ग्रहण
गौरतलब है कि बिहार के किसानों ने नहर में पानी नहीं छोड़ने पर आंदोलन की धमकी की थी. लगातार पानी छोड़ने को लेकर विभागीय अभियंता पर दबाव बनाए हुए थे. पूर्व में 10 जुलाई को पानी छोड़ने की बात कही गयी थी, लेकिन डायवर्शन का मलबा नहीं हटाये जाने के कारण 15 जुलाई को हर हाल हाल में पानी छोड़ने का अल्टीमेटम दिया गया था. उतरी कोयल नहर पलामू के हुसैनाबाद अनुमंडल क्षेत्र से होते हुए बिहार के देव, औरंगाबाद से लेकर जमुई तक बहती है.





Thanks so much for the blog post.
I like this website very much, Its a very nice office to read and incur information.
Thank you ever so for you article post.
Thanks so much for the blog post.
Like!! Thank you for publishing this awesome article.