
Ranchi: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने दुमका परिसदन के सभागार कक्ष में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित किया. राज्य सरकार से मांग करते कहा कि भारी वर्षा के कारण क्षतिग्रस्त हुए पुल-पुलियों और सड़कों की मरम्मत तत्काल प्राथमिकता के आधार पर की जाए. राज्य के कई गांवों में संपर्क पुल और सड़कों के क्षतिग्रस्त हो जाने से आम जनता का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है. लोग जान जोखिम में डालकर पगडंडी और अस्थायी रास्तों से गुजरने को विवश हैं. कई जिलों से ऐसी खबरें आई हैं जहाँ बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे, मरीज अस्पताल नहीं पहुँच पा रहे और ग्रामीण बाजार तक से कट गए हैं. उन्होंने राज्य सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाते कहा कि कई स्थानों पर पुल-पुलियों की गुणवत्ता इतनी खराब रही कि मामूली बारिश का पानी भी इन ढांचों का दबाव नहीं सह सका और वे ध्वस्त हो गए. यह सरकारी निर्माण कार्यों में व्याप्त भ्रष्टाचार और उदासीनता को उजागर करता है. बाबूलाल ने सरकार से माँग करते कहा कि राज्य के सभी क्षतिग्रस्त पुल-पुलियों की तात्कालिक मरम्मत कर आवागमन बहाल किया जाए. जहाँ आवागमन बाधित है, वहाँ वैकल्पिक सुरक्षित मार्ग की व्यवस्था की जाए. भविष्य में निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और मजबूती सुनिश्चित की जाए. जिम्मेदार अभियंताओं और ठेकेदारों की जवाबदेही तय की जाए. जनता की समस्याओं के समाधान को लेकर राज्य सरकार की चुप्पी दुर्भाग्यपूर्ण है. झारखंड में सरकार का ध्यान काम पर नहीं, कमाई पर है. लोग बताते हैं कि दुमका जिले में बालू और पत्थर की अवैध पासिंग के लिए 9 से 10 हजार रुपये तक की खुलेआम वसूली हो रही है. जब जनता की बुनियादी जरूरतें पूरी नहीं हो रहीं, जब पुल बह रहे हैं, रास्ते टूट रहे हैं और आवागमन ठप है, तो यह साफ संकेत है कि यह सरकार जनता की नहीं, दलालों की चिंता करती है. प्रेसवार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष गौरव कांत एवं जिला मीडिया सह प्रभारी नवल किस्कू भी मौजूद थे.




