
Ranchi : आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो ने हेमंत सरकार को सामाजिक और राजनीतिक रूप से कमजोर एवं आर्थिक रूप से खोखला बनानेवाली सरकार बताया है. रांची में मोराबादी मैदान से डीसी ऑफिस तक पार्टी की ओर से निकाली गयी न्याय यात्रा में कहा कि मुख्यमंत्री और जितने दिन गद्दी पर रहेंगे, इस राज्य का नुकसान ही होगा. लूट-खसोट के कारण वित्तीय स्थिति भी राज्य की ठीक नहीं. जब यह सरकार आयी थी, उसने वित्तीय स्थिति पर श्वेत पत्र जारी किया था. अब तीन साल से अधिक इस सरकार के हो चुके हैं. सरकार वित्तीय स्थिति पर फिर श्वेत पत्र जारी करे. इस सरकार के खिलाफ अब आर-पार की लड़ाई का समय है. इसी मकसद से आजसू ने राज्यव्यापी सामाजिक न्याय मार्च निकाली है.
सामाजिक न्याय मार्च में सुदेश कुमार महतो ने कहा कि झारखंडी समाज के सामाजिक मुद्दों, खतियान आधारित स्थानीय एवं नियोजन नीति, जातीय जनगणना एवं पिछड़ों को आबादी अनुसार आरक्षण, पूर्व में जो जातियां अनुसूचित जनजाति की सूची में थी, उन्हें पुनः अनुसूचित जनजाति में शामिल करना जनता और पार्टी की चाहत है. सरकार सरना धर्म कोड पर कोई नीतिगत निर्णय नहीं ले पा रही है. सरकार ने जनादेश का अपमान किया है, जनता उसका बदला लेगी. सरकार जनता के बीच अपना विश्वास खो चुकी है. सवा तीन साल में इस सरकार ने कायदे से एक भी वादे पूरे नहीं किए.
उन्होने कहा कि अधिकारियों के चयन में दक्षता नहीं, लूट को मानक बनाया गया है. उसी का उदाहरण दिखाई पड़ रहा है. लूट पर दबिश पड़ते ही सरकार को खतियान और ओबीसी आरक्षण की याद आई और फिर आरक्षण, नियोजन नीति को अपना पॉलिटिकल एजेंडा बनाने की कोशिश की. इसके बाद भी झूठ पर झूठ बोले जा रहे हैं. श्री महतो ने कहा कि हमने 1932 खतियान आधारित/अंतिम सर्वे पर स्थानीय व नियोजन नीति की मांग की. इसकी बजाय हेमंत सोरेन ने 2023 की स्थानीय नीति थोप दी. राज्य में लूट और भ्रष्टाचार का बोलबाला है. अपराध बेतहाशा बढे हैं. जो अफसर ज्यादा लूट मचायेगा, उसे मनचाही और क्रीम पोस्टिंग मिलेगी. प्राकृतिक और खनिज संपदा के संरक्षण की दुहाई देने वाला झामुमो सरकार के संरक्षण में सबसे ज्यादा इन संसाधनों की लूट हो रही है.
जिन सात मांगों को लेकर पूरे राज्य में निकली गयी सामाजिक न्याय यात्रा
- खतियान आधारित स्थानीय एवं नियोजन नीति लागू करो
- जातीय जनगणना एवं पिछड़ों को आबादी अनुसार आरक्षण सुनिश्चित करो
- पूर्व में जो जातियां अनुसूचित जनजाति की सूची में थी, उन्हें पुनः अनुसूचित जनजाति में शामिल करो
- सरना धर्म कोड लागू करो
- बेरोजगारों को रोज़गार दो
- झारखण्ड के संसाधनों की लूट बंद करो
- झारखण्ड आंदोलनकारियों को सम्मान दो.
न्याय मार्च में मुख्य रूप् से केंद्रीय प्रवक्ता डॉ देवशरण भगत, उपाध्यक्ष हसन अंसारी, केंद्रीय महासचिव राजेंद्र मेहता, जिला परिषद अध्यक्ष निर्मला भगत, उपाध्यक्ष बीणा चौधरी, हटिया विधानसभा प्रभारी भरत काशी, खिजरी विधानसभा प्रभारी, प्रकाश लकड़ा, पार्वती देवी, सरिता देवी, विजय मानकी, रामदुर्लभ सिंह मुण्डा, सुकरा सिंह मुण्डा, संजय सिद्धार्थ, संजय महतो, गौतम साहू, बनमाली मंडल सहित हजारों की संख्या में नेता-कार्यकर्ता शामिल हुए. आजसू पार्टी 14 अप्रैल को पूरे राज्य में डॉ भीम राव अंबेडकर जयंती मनाएगी.
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