Court NewsLead News

हाइकोर्ट ने 23 सितंबर से पहले एनएच-31 की मरम्मत और वाइल्डलाइफ क्लीयरेंस को लेकर सरकार और एनएचएआइ को जवाब देने का दिया निर्देश

Ranchi: एनएच-31 के सुदृढ़ीकरण के मामले को लेकर गुरुवार को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. चीफ़ जस्टिस डॉ रवि रंजन और जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने राज्य सरकार और एनएचएआइ को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि 23 सितंबर से पहले शपथ दायर कर यह बतायें कि एनएच 31 की मरम्मत कब तक पूरी की जायेगी. उस क्षेत्र में वाइल्डलाइफ क्लीयरेंस क्यों नहीं मिल रहा है.

इसे भी पढ़ें : राज्य में भूख से मौत का मामला: हाइकोर्ट ने भूख की समस्या से निपटने के लिए राज्य सरकार को विजन बताने को कहा

इसके कारण सड़क नहीं बन पा रही है. रिपेयर करके काम चलाया जा रहा है, जो बार-बार खराब हो जाता है. इस दौरान एनएचएआइ के द्वारा बताया गया कि बिहार सरकार के क्षेत्र में वन विभाग के द्वारा एनओसी नहीं मिलने के कारण मरम्मत में बाधा आ रही है. इस पर अदालत ने बिहार सरकार के अधिवक्ता एसपी राय को निर्देश दिया की शपथ पत्र फाइल कर बतायें कि ये बधायें कब तक दूर होंगी और अब तक वाइल्ड लाइफ क्लीयरेंस क्यों नहीं दिया गया. मामले की सुनवाई 2 सप्ताह के बाद होगी. मामला स्वतः संज्ञान से जुड़ा हुआ है.

इसे भी पढ़ें :गिरिडीह के बनियाडीह में लैंकस्टार हॉस्पिटल के समीप हुआ भू-धंसान, दो क्वार्टर व चाहरदिवारी डैमेज

Related Articles

Back to top button