
Ranchi : विधायक सरयू राय ने सारंडा में लौह अयस्क की बिक्री को लेकर फिर से सवाल उठाया है. शनिवार को ट्वीट करते हुए इसके लिए खान सचिव को जवाबदेह ठहराया है. उनके मुताबिक सारंडा के सभी लौह अयस्क पट्टाधारी अब पूर्व हो चुके हैं.
शेष बचे अयस्क भंडार पर सरकार का अधिकार है. इसके बावजूद पिछले दिनों एक पट्टाधारक को अपने खनन पट्टे को बेचने की अनुमति सचिव ने दे दी थी. जिस खनन पट्टे का पट्टा रद्द हो चुका है और जिनका अब खान पर कोई अधिकार नहीं है, उसे किसी और को बेचने का परमिशन पुराने पट्टाधारी को दिया गया.
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राज्य के वित्तीय हितों का नुकसान
इससे पहले भी 22 नवंबर को सरयू राय ने सीएम हेमंत सोरेन को ट्वीट किया था. आगाह किया था कि खान सचिव द्वारा एक पट्टाधारी का लौह अयस्क भंडार बेचने के लिए दिया गया है. यह आदेश राज्य के वित्तीय हितों के विरुद्ध, पक्षपातपूर्ण और सुप्रीम कोर्ट के निर्णयों की अवहेलना है.
सुप्रीम कोर्ट ने 15 जनवरी 2020 को जारी आदेश में लौह अयस्क भंडार की बिक्री प्रक्रिया संबंधी आदेश जारी किया था. यह आदेश केंद्रीय पर्यावरण समिति के सुझाव के अनुरूप है. खान सचिव का आदेश इसके विरुद्ध है.
सारंडा के सभी लौह अयस्क पट्टाधारी अब पूर्व हो चुके हैं. शेष बचे अयस्क भंडार पर अब सरकार का अधिकार है.बचे भंडार के बिक्री का आदेश देकर खान सचिव ने वन अधिनियम के नियम 2 और 3 का उलंघन किया है.जिन्हें वन स्वीकृति नहीं है,जिनका पट्टा रद्द/काल बाधित हो गया है उनका अब खान पर कोई हक़ है.
— Saryu Roy (@roysaryu) November 28, 2020
पट्टा समाप्त लीज के जिस लौह अयस्क भंडार को बेचने का आदेश सचिव ने दिया है, उस पट्टाधारी ने अपना 2.80 लाख टन लौह अयस्क का भंडार यस बैंक के पास गिरवी रख कर 40 करोड़ रुपये कर्ज लिया है. सरयू राय ने सवाल उठाया है कि लौह अयस्क बिक्री से प्राप्त धन सरकार को मिलेगा या यस बैंक को?
विधानसभा में उठा था विषय
24 मार्च, 2020 को झारखंड विधानसभा में एक सवाल के जवाब में सरकार ने कहा था कि प्रासंगिक पट्टाधारी का खनन पट्टा 1.04.2017 को ही रद्द हो गया था.
फिर राज्य सरकार के पास शेष भंडार का मालिकाना हक आ गया था. इसका भी ध्यान सचिव ने नहीं रखा.
.@HemantSorenJMM जी परिसमाप्त लीज के जिस लौह अयस्क भंडार को बेचने का आदेश उन्होने पट्टाधारी को दिया है, उस पट्टाधारी ने अपना 2.80 लाख टन लौह अयस्क का भंडार Yes Bank के पास गिरवी रखकर 40 करोड़ रूपया क़र्ज़ ले लिया है. लौह अयस्क बिक्री से प्राप्त धन सरकार को मिलेगा या Yes Bank को?
— Saryu Roy (@roysaryu) November 22, 2020
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