BusinessCorona_Updates

#Lockdown के बीच DPIIT ने दिया चुनिंदा उद्योगों में सीमित क्षमता के साथ काम शुरू करने का सुझाव

New Delhi: केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा लॉकडाउन को दो सप्ताह तक और बढ़ाए जाने के विचार के बीच डिपार्टमेंट फॉर प्रमोशन ऑफ इंडस्ट्री एंड इंटरनल ट्रेड (DPIIT) ने सरकार को अहम सुझाव दिये हैं. उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (डीपीआइआइटी) ने गृह मंत्रालय को सुझाव दिया है कि वह भारी इलेक्ट्रिकल्स और दूरसंचार उपकरण जैसे क्षेत्रों में एहतियाती उपायों के साथ सीमित स्तर पर काम शुरू करने की अनुमति दे.

विभाग ने गृह सचिव अजय कुमार भल्ला को लिखे पत्र में कहा है कि आर्थिक स्थिति में सुधार और लोगों के हाथों में नकदी पहुंचाने के लिये ये गतिविधियां जरूरी हैं.

इसे भी पढ़ेंः#Lockdown बढ़ाने पर मंथन के बीच कई जिलों में एक हफ्ते में दोगुना हुआ संक्रमण का आंकड़ा, आज से दफ्तर पहुंचेंगे मंत्री

25 फीसदी क्षमता के साथ चुनिंदा उद्योगों में हो काम

11 अप्रैल को गृह सचिव अजय कुमार भल्ला को भेजे एक पत्र में DPIIT सचिव गुरुप्रसाद महापात्रा ने कहा है, ‘‘केंद्र सरकार अगर लॉकडाउन (बंद) की अवधि बढ़ाने और उसकी प्रकृति के बारे में कोई अंतिम निर्णय करती है, तो कुछ और गतिविधियों को अनुमति दी जानी चाहिए. हालांकि इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग जैसे नियमों का पूरा ध्यान रखा जायेगा’’

विभिन्न राज्यों और उद्योग मंडलों के साथ विस्तृत बातचीत के बाद धीरे-धीरे लॉकडाउन से बाहर निकालने की योजना के तहत यह सुझाव दिया गया है.

विभाग ने सुझाव दिया है कि जिन उद्योगों को कामकाज की अनुमति दी जा सकती है, उनमें एक ही जगह से कर्मचारियों का प्रवेश, सामाजिक दूरी बनाये रखने के लिये पर्याप्त जगह, कर्मचारियों को लाने-ले जाने के लिये अलग-अलग परिवहन व्यवस्था या कारखाना परिसरों में रहने के इंतजाम और परिसर में बेहतर साफ-सफाई की व्यवस्था की जानी चाहिए. राज्य और जिला प्राधिकरणों को इन गतिविधियों की अनुमति देते समय इन शर्तों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करना चाहिए.

इसे भी पढ़ेंःरांची के हिन्दपीढ़ी इलाके के लोग क्यों जला रहे अखबारों को !

इन उद्योगों को एहतियात के साथ चालू करने की सिफारिश

डीपीआइआइटी ने कुछ क्षेत्रों के लिये वाहनों और कार्यबल की मुक्त आवाजाही की भी सिफारिश की है. विभाग ने एहतियाती उपायों के साथ जिन उद्योगों में सिंगल शिफ्ट में कामकाज की अनुमति देने का सुझाव दिया है, उनमें ऑप्टिक फाइबर केबल, काम्प्रेसर एंड कंडेनसर इकाइयां, इस्पात और फेरस एलॉय मिल, पावरलूम, लुग्दी और कागज इकाइयां, उर्वरक, पेंट, प्लास्टिक, वाहन इकाइयां, रत्न एवं आभूषण तथा सेज एवं निर्यात उन्मुख इकाइयों (ईओयू) की सभी इकाइयां शामिल हैं.

यह भी कहा गया है कि अगर श्रमिकों को निर्माण स्थल पर रहने की अनुमति मिलती है तो आवास और निर्माण क्षेत्रों में भी काम शुरू करने की आवश्यकता है.

विभाग ने राज्यों के बीच एवं राज्यों के अंदर सभी आकार के परिवहन वाहनों को भी चलाने की अनुमति देने का आग्रह किया है. हालांकि गृह मंत्रालय ने अभी डीपीआईआईटी के इस पत्र का अभी जवाब नहीं दिया है.

इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक इस बावत DPIIT सचिव गुरुप्रसाद महापात्रा ने बताया, ‘हम लॉकडाउन के पूरे उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए कई क्षेत्रों, व्यापार और उद्योग निकायों के साथ बातचीत कर रहे हैं। सुरक्षा और स्वास्थ्य को बनाए रखने के साथ कुछ और क्षेत्रों को पुनर्जीवित करने की जरुरत को ध्यान में रखते हुए, हमें लगता है कि कुछ और क्षेत्रों को कम क्षमता के साथ खोला जा सकता है।’ उन्होंने कहा कि इसे कैसे लागू करना है, यह तय करने की स्थिति में लोकल अथॉरिटी बेहतर निर्णय ले सकती है.

इसे भी पढ़ेंः#Covid-19: नगालैंड में मिला पहला केस, दिल्ली में ASI कोरोना पॉजिटिव, देश में संक्रमितों का आंकड़ा 9 हजार के पार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button