
Palamu : पुलिस की मुस्तैदी से पलामू जिले में मॉब लिंचिंग की घटना को टाल दिया गया है. गांव में घुस आए चार युवकों को ग्रामीणों ने बंधक बनाए रखा था.
उनकी पिटायी की जा रही थी. लेकिन सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए जख्मी हालत में सभी युवकों को छुड़ा लिया. सभी को थाना में रखा है. उनकी पहचान की जा रही है.
हुसैनाबाद थाना क्षेत्र में हुई घटना
जिले में हुसैनाबाद थाना क्षेत्र के बडीहा गांव में यह घटना हुई. ग्रामीणों के अनुसार चोरी कर भाग रहे चार युवक ग्रामीणों के हत्थे चढ़ गए.
गिरफ्त में लेने के बाद ग्रामीणों द्वारा उनकी पिटायी की जा रही थी, लेकिन इसी बीच सूचना पर हुसैनाबाद पुलिस पहुंच गई और सभी को मुक्त करा लिया.
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सूचना पर तत्काल की गयी कार्रवाई: एसडीपीओ
हुसैनाबाद एसडीपीओ विजय कुमार ने बताया कि चार युवकों के बंदी बनाए जाने की सूचना मिली थी. उन्होंने तत्काल थाना प्रभारी को इसकी सूचना दी. थाना प्रभारी ने इस पर जल्द एक्शन लिया और कोई बड़ा हादसा होने से टाल दिया.
दरअसल, चारों युवक किसी लड़की की तलाश में बडीहा गांव आए थे. युवक गांव के एक व्यक्ति के घर में जबरदस्ती घुसकर लड़की की तलाश कर रहे थे. इस बीच युवकों ने घर की अलमारी को तोड़ा और पैसे निकाल कर भागने लगे. भागने के क्रम में ग्रामीणों ने युवकों को धर-दबोचा और मारपीट करने लगे.
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15 अज्ञात लोगों पर मामला दर्ज
मौके पर पुलिस ने पहुंचकर युवकों को हिरासत में ले लिया. पुलिस को देख कर सभी ग्रामीण वहां से भाग गये. हालांकि पुलिस ने युवकों के खिलाफ लिखित आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है.
थाना प्रभारी ने बताया कि 15 अज्ञात लोगों पर मारपीट कर जख्मी करने का मामला भी दर्ज किया गया है. वहीं जिन युवकों को हिरासत में लिया गया है उनमें मोहम्मदगंज के बरवाडीह निवासी अरबाज खान, नावा के सोनम हुसैन और मेदिनीनगर के कुंड मुहल्ला निवासी दानिश अहमद और समर आलम शामिल हैं.




