
Ranchi: एक ओर झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की कार्यशैली के कारण हजारों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है. वहीं दूसरी ओर राज्य का प्रशासनिक महकमा भी चरमरा गया है. राज्य गठन के बाद से अब तक जेपीएससी सिर्फ पांच सिविल सेवा की ही परीक्षा ले पाया है. छठी सिविल सेवा की मुख्य परीक्षा की प्रक्रिया चल रही है.
जेपीएससी की धीमी गति के कारण सृजित पदों के अनुपात में अफसरों की नियुक्ति नहीं हो पाई है. अफसरों की भारी कमी का असर भी सरकारी कामकाज पर पड़ रहा है. राज्य में स्टेट सर्विस के कुल 1511 पद स्वीकृत हैं. इसमें 592 खाली पड़े हैं. फिलहाल 326 पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया चल रही है.
बेसिक ग्रेड से स्पेशल सेक्रेटरी तक के पद हैं रिक्त
बेसिक ग्रेड (बीडीओ-सीओ के समकक्ष) से लेकर स्पेशल सेक्रेटरी तक के पद खाली पड़े हैं. बेसिक ग्रेड के 240 पद खाली है. स्पेशल सेक्रेटरी के आठ, एडिशनल सेक्रेटरी के तीन, ज्वाइंट सेक्रेटरी के पांच, डिप्टी सेक्रेटरी के 133, अंडर सेक्रेटरी के 203 पद खाली हैं. जबकि स्पेशल सेक्रेटरी के 10, एडिशनल सेक्रेटरी के 15, ज्वाइंट सेक्रेटरी के 114, डिप्टी सेक्रेटरी के 236, अंडर सेक्रेटरी के 292 और बेसिक ग्रेड के 844 स्वीकृत पद हैं.
स्टेट सर्विस में 116 पद बढ़ाने का प्रस्ताव तैयार
राज्य सरकार ने राज्य प्रशासनिक सेवा के 116 पद बढ़ाने का प्रस्ताव तैयार किया है. इसकी मंजूरी के लिए अब कैबिनेट की बैठक में रखा जायेगा. प्रस्ताव के अनुसार, विशेष सचिव में 13, एडिशनल सेक्रेट्री में 07, ज्वाइंट सेक्रेट्री में 16, डिप्टी सेक्रेट्री में 41 और अंडर सेक्रेट्री में 39 पद बढ़ाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है.
ऐसा है राज्य सेवा के अफसरों के पद बढ़ाने का प्रस्ताव
पदनाम वर्तमान पद कितने पद बढ़ाने का प्रस्ताव कितना पद बढ़ेगा
विशेष सचिव 10 23 13
एडिशनल सेक्रेटरी 15 22 07
ज्वाइंट सेक्रेटरी 120 136 16
डिप्टी सेक्रेटरी 236 277 41
अंडर सेक्रेटरी 292 331 39
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