
Palamu : जिले के उपायुक्त शशि रंजन ने मंगलवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय में जनता दरबार का आयोजन किया. इसमें शहरी व ग्रामीण क्षेत्र के लोग अपनी अपनी समस्याओं से उपायुक्त को अवगत कराया. इसमें चार वर्ष पूर्व सड़क हादसे में जान गंवाने वाले पाटन प्रखंड के लोइंगा निवासी चैकीदार की पत्नी शकुंतला देवी ने फरियाद करते हुए बताया कि पति की मौत के बाद ना तो परिवार के किसी सदस्य को नौकरी मिली और ना ही पेंशन मिल रही है.
16.4.2017 को ड्यूटी से घर लौटने के क्रम में सड़क दुर्घटना में उनके चैकीदार की मौत हो गयी थी. उन्होंने उपायुक्त को बताया कि उनके पति की मृत्यु हुए 4 साल बीत गए, लेकिन अभी तक न उन्हें पेंशन मिल सका है और ना ही नौकरी मिल पायी है. उन्होंने कहा कि वह अस्वस्थ रहने के साथ-साथ बिल्कुल असहाय और बेसहारा हो गयी हैं.
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उन्होंने बताया कि वर्तमान में उसकी देखरेख करने वाला एकमात्र पोता ही है. उन्होंने उपायुक्त से अनुकंपा के आधार पर पोते को नौकरी देने हेतु अनुरोध किया.
नीलांबर-पीतांबरपुर प्रखंड के रिटायर्ड पंचायत सचिव राजेश्वर महतो ने अपनी मूल सेवा पुस्त वापस दिलाने हेतु अनुरोध किया. इसी प्रकार पाटन के इमली से आये मोती साव ने अपनी खतीयानी जमीन का गलत तरीके से रजिस्टर 2 में नाम दर्ज होने के संबंध में आवेदन दिया.
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सदर प्रखंड के ग्राम जोड़ की रहने वाली इंद्रावती देवी ने उपायुक्त को बताया कि 26 मई 2020 को उनका जोड़ स्तिथ मकान में अचानक आग लग गयी, जिसके कारण पूरा मकान जल गया.
जमुने पंचयात से आये तेजू साव ने आगामी पंचायत चुनाव हेतु जमुने पंचायत के सभी पद को अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित करने हेतु अनुरोध किया.
पेंशन से जुड़े कुल 4 मामले आए. उपायुक्त ने पेंशन सहित अन्य आवेदनों संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को अग्रसारित कर 15 दिनों के भीतर निष्पादित करने का निर्देश दिया है.
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