
Palamu: पलामू और लातेहार जिले के सीमावर्ती प्रखंड सतबरवा के सौ गांवों में ब्लैकऑउट की स्थिति बनी हुई है. सतबरवा, सदर और लेस्लीगंज प्रखंड की अलग-अलग पंचायतों में सुबह से बिजली सप्लायी ठप है. इस भीषण और चिपचिपी गर्मी में बिजली नहीं मिलने से लोगों को भारी परेशानी हो रही है. जलापूर्ति पर भी असर पड़ा है.
बता दें कि सतबरवा विद्युत सब स्टेशन से करीब 100 गांवों में बिजली सप्लाई की जाती है. विद्युत आपूर्ति ठप होने से प्रचंड गर्मी के साथ पेयजल सप्लाई पर भी असर पड़ा है. वही विद्युत आधारित कामकाज ठप हो गये हैं. लॉकडाउन के बाद उत्पन्न विकट स्थिति में बिजली नहीं रहने के कारण लोगों को इसका खामियाजा भुगतना पड रहा है.
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इन पंचायतों में मिलती है बिजली
सतबरवा विद्युत सब स्टेशन से सतबरवा प्रखंड की 10, मेदिनीनगर सदर की चार और लेस्लीगंज की दो पंचायतों में बिजली आपूर्ति की जाती है.
बकोरिया-सतबरवा के बीच है फॉल्ट
बताया जाता है कि बकोरिया और सतबरवा के बीच में 33 हजार केवी के तार में फॉल्ट है. सबस्टेशन से बकोरिया की दूरी लगभग 10 किमी है. दर्जनों बार बकोरिया के आगे जंगल में 33 हजार केवी के तार में फॉल्ट लग गया है. फॉल्ट वाले स्थान पर चार पोल की जगह पर एक पोल पर तार खींचा गया है. इससे विभाग के कर्मियों को विद्युत आपूर्ति बहाल करने में काफी कठिनाई होती है. अगर दोपहर में फॉल्ट लग जाता है तो दूसरे दिन मौसम साफ रहने पर ही बिजली आपूर्ति बहाल हो पाती है.
लातेहार से मिलती है बिजली
मालूम हो कि पलामू जिले के सतबरवा विद्युत सबस्टेशन को लातेहार के कर्कट ग्रिड से बिजली आपूर्ति होती है. बिजली विभाग ने मेदिनीनगर से 33 हजार केवी के तार को सतबरवा ग्रिड तक खींच दिया है. उपभोक्ताओं ने वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर लातेहार में फॉल्ट होने के बाद मेदिनीनगर ग्रिड से सतबरवा को जोड़कर निर्बाध रूप से दोनों ओर से बिजली मुहैया कराने की मांग की है. समाचार लिखे जाने तक बिजली बहाल नहीं हो सकी है.
बिजली रजहारा ग्रिड से दी जाये, चार माह का बिल माफ हो: आशीष
सतबरवा के भाजपा नेता आशीष कुमार सिन्हा ने एनटीपीसी के लहलहे-रजहारा ईकाई में स्थापित विद्युत पावर ग्रिड से सतबरवा सब स्टेशन को बिजली आपूर्ति कराने का सरकार से आग्रह किया है. आशीष सिन्हा ने कहा कि नेशनल थर्मल पावर कॉरपोरेशन को 6 किमी के दायरे में मुफ्त बिजली देने का प्रावधान है. साथ ही संपोषित गांवों का रखरखाव भी करना है. उन्होंने सरकार से कोरोना संक्रमण के बाद चार माह के बिजली बिल माफ करने आग्रह शामिल है.
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