
Ranchi : देवघर में कांग्रेस के प्रमंडलीय रैली में भाग लेने के लिए प्रदेश कांग्रेस प्रभारी आरपीएन सिंह बुधवार को रांची पहुंचे. इस दौरान एयरपोर्ट में उन्होंने पत्रकारों को बताया कि राज्य में महागठबंधन की स्थिति काफी मजूबत है. महागठबंधन के सभी नेता सुलझे हुए राजनीतिज्ञ हैं. घटक दलों के बीच कोई परेशानी नहीं है. सीटों को लेकर जो थोड़ी-बहुत अनबन है. उसे भी जल्द ही दूर कर लिया जायेगा. मालूम हो कि देवघर में 13 फरवरी को प्रस्तावित रैली में हिस्सा लेने आरपीएन सिंह झारखंड पहुंचे हैं. उनके साथ प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अजय कुमार भी रांची पहुंचे.
महागठबंधन बना, अब सीट बंटवारा भी जल्द
झारखंड दौरे के कार्यक्रम की चर्चा करते हुए आरपीएन सिंह ने कहा कि आगामी 13 फरवरी को वे देवघर में कांग्रेस की प्रमंडलीय रैली में भाग लेंगे. 14 को लोहरदगा में एक स्थानीय कार्यक्रम और 15 डाल्टनगंज में प्रस्तावित रैली में भाग लेंगे. जब उनसे गोड्डा लोकसभा सीट को लेकर बाबूलाल मरांडी की नाराजगी पर सवाल किया गया, तो उऩ्होंने कहा कि पहले चर्चा थी कि महागठबंधन नहीं बनेगा, लेकिन हमने महागठबंधन बनाया. उसी तरह प्रदेश में जो सीट को लेकर जो पेंच फंसा हुआ है, उसे भी जल्द सुलझा लिया जायेगा. बाबूलाल को मानने के सवाल पर आरपीएन सिंह ने कहा कि राजनीति में किसी को मानने का सवाल नहीं होता है. सभी कोई सुलझे हुए राजनीतिज्ञ हैं. बातचीत से सभी मुद्दों पर हल निकाल लिया जायेगा. जैसे ही गठबंधन किया गया है, वैसे ही सीटों का बंटवारा कर लिया जायेगा.
2022 में उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की सरकार
मौके पर आरपीएन सिंह ने लखनऊ में सोमवार की गयी कांग्रेस के रैली की भी जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि इस दौरान पूरा लखनऊ कांग्रेसमय हो गया था. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की बातों को याद दिलाते हुए कहा कि यह रैली न केवल लोकसभा चुनाव के मद्दे्नजर हुआ, बल्कि इसका उद्देश्य वर्ष 2022 में उत्तर प्रदेश में भी कांग्रेस की सरकार बनाने को लेकर थी. इसी को ध्यान में रख कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कांग्रेस महासचिव पद पर प्रियंका गांधी और ज्योतिरादित्य सिंधिया की नियुक्ति की है.




