न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

कोचांग गैंगरेप : फादर अल्फांसो समेत सभी छह दोषियों को आजीवन कारावास

1,714

Khunti : 19 जून 2018 में खूंटी के कोचांग में नुक्कड़ नाटक करने आयीं पांच महिलाओं से हुए सामूहिक दुष्कर्म के आरोपी फादर अल्फांसो आइंद समेत सभी छह दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गयी है.

mi banner add

कोचांग गैंगरेप घटना के अभियुक्तों को 14 मई को जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम राजेश कुमार की कोर्ट में पेश किया गया था. उनके अधिवक्ताओं ने उन्हें कम से कम सजा देने की मांग की थी. इसके लिए उन्होंने कई दलीलें भी दी. जिसके बाद कोर्ट ने 17 मई को सजा सुनाने का फैसला लिया था.

देखें वीडियो-

इसे भी पढ़ेंःबाल-बाल बचे RSS प्रमुख मोहन भागवत, गाय को बचाने के दौरान पलटी गाड़ी

अल्फांसो आइंद को षड्यंत्रकर्ता के रूप में पाया गया था दोषी

अभियुक्त जुनास मुंडा, बाजी समद उर्फ टकला, अयूब सांडी पूर्ति, जॉन जुनास तिड़ू, बलराम समद और फादर अल्फांसो आइंद को कोर्ट ने सात मई को दोषी करार दिया था. इस पूरी घटना में फादर अल्फांसो आइंद को षड्यंत्रकर्ता के रूप में दोषी पाया गया है.

वहीं पत्थलगड़ी के नेता जॉन जुनास तिड़ू और बलराम समद को उत्प्रेरक के रूप में दोषी करार दिया गया था. जुनास मुंडा, बाजी समद और अयूब सांडी पूर्ति को अपहरण और गैंगरेप का दोषी पाया गया है.

Related Posts

पलामू : डायरिया से बच्चे की मौत, माता-पिता व भाई गंभीर, गांव में दर्जन भर लोग पीड़ित

स्वास्थ्य विभाग के डायरिया नियंत्रण की खुली पोल, आनन-फानन में कुछ लोगों को एंबुलेंस से भेजा अस्पताल

फिलहाल आशा किरण संस्था की भूमिका और सिस्टर रंजीता व सिस्टर विनीता के संबंध में जांच चल रही है. इस मामले में 19 लाेगाें की गवाही दर्ज हुई और काेर्ट ने 11 महीने के भीतर फैसला सुना दिया.

इसे भी पढ़ेंःआम चुनाव 2019 के लिए आज प्रचार का आखिरी दिन, 19 मई को 8 राज्यों की 59 सीटों पर होगी वोटिंग

जमानत पर आये थे बाहर फादर अल्फांसो

झारखंड उच्च न्यायालय ने वर्ष 2018 में खूंटी जिले में पांच महिला कार्यकर्ताओं के अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म के मामले में फादर अल्फांसो को जमानत दे दी थी. 12 मार्च को उनकी जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए, न्यायमूर्ति एबी सिंह की अदालत ने आईंद को मृत सैनिकों के परिवारों के लिए स्थापित ‘शहीद कोष’ में 15,000 रुपये जमा करने का निर्देश दिया था.
फादर अल्फोंसो आईंद कोचांग गांव स्थित उस मिशनरी स्कूल के प्रमुख थे, जहां से महिलाओं का अपहरण किया गया था. पीठ ने फादर अल्फांसो को निचली अदालत की अनुमति के बिना खूंटी जिला छोड़ कर न जाने और अदालत में अपना पासपोर्ट जमा करने का निर्देश दिया था.

अपहरण करके महिलाओं से साथ किया गया था सामूहिक दुष्कर्म

19 जून 2018 को कोचांग में नुक्कड़ नाटक करने आयीं पांच महिलाओं का अपहरण करके, उन्हें जबरन सात-आठ किलोमीटर दूर जंगल में ले जाकर बंदूक के बल पर उनसे सामूहिक दुष्कर्म किया गया था. फादर अल्फांसो के खिलाफ इस जघन्य अपराध के सिलसिले में दो प्राथमिकी दर्ज की गयी थी. आईंद पर दोषियों को न रोकने और पुलिस को इस घटना के बारे में सूचित करने में विफल रहने का आरोप लगाया गया था. उन्होंने कथित तौर पर पीड़ितों को दोषियों के साथ जाने के लिए कहा था और साथ ही कहा था कि उन्हें कुछ समय बाद छोड़ दिया जायेगा.

 

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
%d bloggers like this: