
Ranchi : आदिम जनजाति की श्रेणी में शामिल कोरवा जनजाति के 33 परिवार सरकार से राशन के लिये गुहार लगा रहे हैं. गढ़वा जिले में बड़गड़ ब्लॉक के हेसातु एवं कोरवाडीह गांव का यह मामला है. इन गांवों में रहने वाले 33 परिवारों को डीलरों के द्वारा मृत बताया जा रहा है.
कोरवा परिवारों को मृत बताकर पिछले साल नवंबार 2020 से जनवरी 2022 तक यानि कुल 15 महीने के राशन का गबन कर लिये जाने की शिकायत सामने आयी है. अब अपने हक के लिये इन गांवों के कोरवा परिवार के सदस्यों ने सरकार को लेटर लिखकर फरियाद की है. राशन दिलाये जाने के अलावे दोषी अधिकारियों पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है.
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क्या लिखा है शिकायत में
हेसातु के संतोष कोरवा सहित सभी ग्रामीणों ने गढ़वा के जिला शिकायत निवारण पदाधिकारी सह समाहर्ता को लिखे पत्र में कहा है कि कोरवा समाज के 33 परिवारों के पास अंत्योदय कार्ड (AAY) होने के बावजूद उन्हें मृत बताकर राशन देना बंद कर दिया गया है.
इनमें हेसातु के 25 और कोरवाडीह के 8 परिवार शामिल हैं. इन परिवारों का कुल राशन 17325 किलो चीनी, 495 किलो नमक, 495 लीटर किरासन तेल 15 माह से नहीं दिया गया है.
वास्तविकता यह है कि सभी परिवार जीवित हैं. सभी कार्डधारकों के राशन कार्ड में वर्ष 2020 के अक्टूबर माह तक का राशन दर्ज है.
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