
Ranchi: झारखंड उच्च न्यायालय ने सोमवार को कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को राहत देते हुए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के खिलाफ उनकी कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में रांची की निचली अदालत से जारी समन पर रोक लगा दी और याचिकाकर्ता को नोटिस जारी किया. न्यायमूर्ति एस चंद्रशेखर की पीठ ने निचली अदालत द्वारा राहुल गांधी के खिलाफ जारी समन पर रोक लगा दी. मामले की अगली सुनवाई एक महीने बाद होगी.
राहुल गांधी के अधिवक्ता राजीव रंजन ने बताया कि उच्च न्यायालय की एकल पीठ ने इस मामले में शिकायतकर्ता भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) के नेता नवीन झा को नोटिस जारी किया है.
रांची की सब डिविजनल न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने पिछले वर्ष 28 नवंबर को इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था और 12 दिसंबर को राहुल गांधी को पेश होने का समन जारी किया था.
अदालत ने नवीन झा के बयान पर और अखबारों में छपे राहुल गांधी के 18 मार्च को कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन में दिए गए भाषण की रिपोर्ट का संज्ञान लेते हुए यह समन जारी किया था. इस दौरान राहुल ने कहा था कि बीजेपी में एक हत्यारा अध्यक्ष बन सकता है लेकिन कांग्रेस में ऐसा नहीं हो सकता
भाजयुमो नेता ने आरोप लगाया था कि राहुल गांधी द्वारा अमित शाह पर लगाए गए तथ्य विहीन आरोपों से उनकी भावनाएं आहत हुईं और उन्हें भारी दुख पहुंचा था. उच्च न्यायालय में मामले की अगली सुनवाई 4 सप्ताह बाद होगी.
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