
Ranchi: राज्य में दो साल से चल रही ईडी की कार्रवाई एक बार फिर सुर्खियों में है. बीते सोमवार की सुबह ईडी की टीम ने कुल 9 स्थानों पर छापेमारी की थी. जिसमें ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम के पीएस संजीव कुमार लाल के नौकर जहांगीर आलम के घर से 35.23 करोड़ रुपये बरामद हुए. जिसके बाद चुनावी माहौल में राजनीति और गरमा गई है. जेडीयू के प्रदेश महामंत्री संतोष कुमार सोनी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि झारखंड में गरीब, आदिवासी, दलित का हक मारा जा रहा है.
मंत्री आलमगीर आलम के पीएस संजीव लाल के नौकर के घर से ईडी की छापेमारी में बरामद पैसा उसका उदाहरण है. राज्य में ऐसे कई लोग है, जिन्होंने कमजोर समाज के लोगों के हक-अधिकार को मार कर पैसा अकूत दौलत इक्कठा किए है. इतने बड़े मात्रा में मंत्री के पीएस के नौकर के घर से कैश मिलना कोई आम बात नहीं है. इस घटना की जितनी निंदा की जाये कम है, मंत्री आलमगीर आलम को अब लाभ के पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं है. नैतिकता के आधार पर उन्हें मंत्री पद से इस्तीफा दे देना चाहिए. साथ ही महामहिम राज्यपाल महोदय से निवेदन है कि राज्य में बढ़ रहे भ्रष्टाचार और ईडी कार्रवाई में भारी मात्रा में मिल रहे कैश को देखते हुए, तत्काल गठबंधन सरकार को बर्खास्त कर राष्ट्रपति शासन लगाने की अनुशंसा करे.




