न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

जामताड़ा : कोयला जब्त हुआ, गिरफ्तारी का आदेश भी, खुला घूम रहा माफिया, अवैध कारोबार फिर से शुरु

11,048

Saurabh Singh

Ranchi: पुलिस चोरी का कोयला लदे 12 ट्रकों को पकड़ती है. उस पर केस करती है. सुपरविजन में आरोपियों की गिरफ्तारी का आदेश दिया जाता है. कुछ दिन अवैध कोयला कारोबार रुकता है. आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती और दोबारा कोयला का अवैध कारोबार शुरु हो जाता है. इसे क्या समझा जाये.

क्या इस तरह की घटना उस जिले के एसपी, रेंज के डीआईजी और प्रभारी आईजी की जवाबदेही को कटघऱे में खड़ा नहीं करती है. उनकी ईमानदारी पर सवाल नहीं उठाता है.

इसे भी पढ़ें – पश्चिम बंगाल का अवैध कोयला झारखंड के जामताड़ा से पार कराया जाता है, प्रति ट्रक 20 हजार वसूलती है पुलिस

पश्चिम बंगाल से चोरी कर  कोयला बिहार ले जाया जा रहा था

यह घटना है जामताड़ा जिला के नारायणपुर थाना क्षेत्र की है. 9 फरवरी की रात वहां की पुलिस ने पश्चिम बंगाल से चोरी कर बिहार ले जाये जा रहे 12 ट्रक कोयला जब्त किया. इस मामले में पुलिस ने ट्रकों के चालक-खलासी व मालिक के अलावा अवैध कोयला कारोबार के सरगना अल्ला रखा को अभियुक्त बनाया.

इसे भी पढ़ें – पहले अवैध कोयला कारोबारियों की टीम देती थी पुलिस को रुपये, अब साहब सबसे अलग-अलग ले रहे एक करोड़

जानकारी के मुताबिक 16 फरवरी को जामताड़ा के डीएसपी ने मामले का सुपरविजन करके केस को ट्रू कर दिया. साथ ही अल्ला रखा समेत सभी अभियुक्तों को गिरफ्तार करने का आदेश दिया. इस आदेश को दो माह से अधिक बीत गये. पर अब तक अभियुक्तों की गिरफ्तारी नहीं हो पायी है और दोबारा कोयले का अवैध कोराबार शुरु हो गया.

इस बार मिहिजाम थाना क्षेत्र में कोयले का अवैध कारोबार शुरु किया गया. पश्चिम बंगाल से चोरी करके लाये जाने वाले कोयले को मिहिजाम थाना क्षेत्र के रास्ते से बिहार पहुंचाने का काम किया जा रहा है.

सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिसके खिलाफ पुलिस ने गिरफ्तारी के आदेश दिये, वही फिर से कोयला का अवैध कारोबार कर रहा है. साफ है कि इसमें सीनियर पुलिस अफसरों की भूमिका से इंकार नहीं किया जा सकता.

कल पढ़े : जीरो टॉलरेंस की सरकार में कोयला कारोबार में लटपट करके कैसे पैसा कमा लिया माफिया

इसे भी पढ़ें – हजारीबाग में फिर शुरू हुआ लिंकेज कोयले का अवैध कारोबार, पुलिस के दो अफसरों को हर माह मिलता है 1.50…

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
क्या आपको लगता है हम स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता कर रहे हैं. अगर हां, तो इसे बचाने के लिए हमें आर्थिक मदद करें.
आप अखबारों को हर दिन 5 रूपये देते हैं. टीवी न्यूज के पैसे देते हैं. हमें हर दिन 1 रूपये और महीने में 30 रूपये देकर हमारी मदद करें.
मदद करने के लिए यहां क्लिक करें.-

you're currently offline

%d bloggers like this: