Corona_UpdatesKhas-KhabarNational

#CoronaEffect: सोशल मीडिया को सरकार का फरमान, कहा- डिलीट करें भ्रामक पोस्ट, अपलोडर की जुटाएं जानकारी

New Delhi: पूरी दुनिया कोरोना वायरस की संक्रमण की वजह से परेशान है. भारत में भी इसके बढ़ते प्रकोप को देखते हुए 21 दिनों का लॉकडाउन लगा दिया गया है. लॉकडाउन की अवधि में सभी को अपने घर में रहने की सलाह दी गयी है.

हालांकि अब सब अपने घर में रह रहे हैं और बाहर की दुनिया से रोज रूबरू नहीं हो रहे तो ऐसे में लोगों का रुझान सोशल मीडिया के तरफ पहले से ज्यादा हो गया है. लोग वक्त बिताने के लिए इसका काफी इस्तेमाल करने लगे हैं. जिसका परिणाम यह हो रहा है कि कोरोना वायरस को लेकर गलत मैसेज व जानकारी भी इसके जरिये तेजी से फैल रही है.

इसे भी पढ़ें- यौन शोषण के मामले में MLA ढुल्लू महतो को HC से नहीं मिली राहत, अग्रिम जमानत याचिका खारिज

गलत सूचना फैलाने वाले की जानकारी की जाए सेव

इस मामले पर संज्ञान लेते हुए सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सोशल मीडिया को फरमान जारी किया है. मंत्रालय ने कहा है कि ऐसे पोस्ट जो गलत सूचना या जानकारी फैला रहे हैं उनको फेसबुक, हेलो और टिकटॉक से हटाया जाए. इतना ही नहीं इन सोशल मीडिया से यह भी कहा गया है कि ऐसे यूजर्स जो गलत सूचना फैला रहे हैं उनकी जानकारी सेव कर के रखी जाए.

सरकार का मानना है कि कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर जो भी अभियान चलाया जा रहा है वह मर्जी और गलत सूचना की वजह से कमजोर हो सकती है. ऐसे गलत मैसेज अभियान को कमजोर बनाते हैं. गौरतलब है कि सरकार द्वारा उठाये गये इस कदम की वजह से कोरोना वायरस से जुड़ी सही जानकारी लोगों तर पहुंचेगी.

इसे भी पढ़ें- बिहार की तरह पर झारखंड में भी कॉमर्शियल वाहनों के टैक्स और परमिट पर मिल सकती है छूट !

क्या कहना है मंत्रालय का

इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने कहा कि सोशल मीडिया जैसे कि फेसबुक, टिकटॉक और हेलो जैसे प्लेटफॉर्म पर बड़ी संख्या में गलत जानकारी वाले मैसेज और वीडियो क्लिप डाले जा रहे हैं.

जिसकी वजह से लोगों के बीच में गलतफैमी पैदा हो रही है. लोगों में कोरोना वायरस को लेकर घबराहट फैल रही है साथ ही अन्य ऑनलाइन नुकसान जैसे खतरे भी पैदा हो रहे हैं.

इसे भी पढ़ें- इस वैश्विक महामारी के दौर में भी अमेरिकी राष्ट्रपति की गैर मानवीय नीतियां ही सामने आ रही हैं

गलत मैसेज फैलाने वाले कई अकाउंट बाद में डिलीट

भारत सरकार का यह निर्देश तब आया जब ओपन-सोर्स इंटेलिजेंस एंड फास्ट-चेकिंग आईटी फर्म Voyager Infosec ने अपनी रोपोर्ट इसपर पेश की.

रिपोर्ट में यह कहा गया है कि सोशल मीडिया पर जो पोस्ट डाले जा रहे हैं वह मुस्लिमों प्रभावित करने कि लिए डाले जा रहे हैं. ऐसे पोस्ट को फेसबुक, टिकटॉक और हेलो से व्हाट्सऐप और ट्विटर जेसै साइट पर भी शेयर किया जा रहा है.

वहीं इंडियन साइबर क्राइम कोर्डिनेशन सेंटर को इसे लेकर रिपोर्ट सौंपी गयी है. जिसमें यह दावा किया गया है कि 30 हजार से ज्यादा वीडियो का पांच दिनों में एनालिसिस किया गया है.

साथ ही यह भी बताया गया है कि जो भी अकाउंट से सोशल मीडिया पर इस तरह के गलत मैसेज फैलाये जा रहे हैं उस अकाउंट को बाद में डिलीट कर दिया गया है.

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button