
Jamshedpur : जमशेदपुर प्रखंड में कौशल विकास के तहत 688 महिलाओं को 110 दिन की ट्रेनिंग दी गई. बावजूद इसके अब तक उन्हें भत्ता नहीं मिल पाया है. इन महिलाओं को हरहरगुट्टू, कुदादा और हितकू पंचायत के अलावा सुंदरनगर और नागडीह स्थित कौशल विकास केंद्र में ट्रेनिंग दी गई है. इसे लेकर 7 दिसंबर 2021 को श्रम विभाग के उप श्रमायुक्त, जमशेदपुर कार्यालय से पत्र निकाला गया था. उसके बाद महिलाओं को उनके निर्धारित सेंटर में ट्रेनिंग दी गई थी. फिर भी करीब साढ़े तीन महीने तक उन्हें न्यूनतम भत्ता नहीं मिलने से संबंधित एजेंसी की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं. इस मामले में आरटीआई से खुलासा हुआ है कि प्रति महिला हर दिन साढ़े तीन सौ न्यूनतम वेतन का भुगतान होना था.
110 दिनों में साढ़े तीन सौ न्यूनतम भत्ता की दर से 38 हजार 500 का भुगतान करना था. इस तरह 688 महिलाओं का इसी 110 दिनों का न्यूनतम मजदूरी जोड़ा जाए तो बकाया राशि ढ़ाई करोड़ से ज्यादा पहुंच जाती है. हालांकि, आरआईटी कार्यकर्ता को इस पूरे मामले में विभाग की ओर से इतना ही बताया गया कि 668 महिलाओं को इंब्रायडरी की ट्रेनिंग दी गई थी. हालांकि इसके लिए राशि का भुगतान कब किया गया था, इस संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई है. इस लिहाज से पूरा मामला जांच का विषय बताया जा रहा है.




