
Palamu : जिला मुख्यालय मेदिनीनगर सदर थाना क्षेत्र के भूसही गांव के एक कुएं में मछली मारने उतरे दो युवकों की दम घुटने से मौत हो गयी. बचाने के क्रम में कुछ युवक बेहोश भी हो गये. उनका इलाज किया गया. मरनेवालों की पहचान भूसही निवासी पताली सिंह (37वर्ष) और रामचन्द्र चौधरी उर्फ तिलंगी चौधरी (40वर्ष) के रूप में हुई है. घटना के बाद गांव में चीख पुकार मची हुई है. पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है.
डीएसपी सुरजीत कुमार ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है. जानकारी मिली है कि एक युवक पहले कुएं में उतरा था. उसके बाद वह बेहोश हो गया. पीछे से बचाने गये दूसरे युवक ने भी बेहोश होकर दम तोड़ दिया. संभावना व्यक्त की जा रही है कि कुएं में जहरीली गैस होने के कारण ऐसी घटना हुई है. पता चला है कि शव को निकालने के लिए उतरे कुछ और लोगों को चक्कर आ रहा था. वे लोग किसी तरह बाहर आ गये. कुआं लाला चौधरी नामक व्यक्ति का है. लाला के कहने पर ही दोनों एक-एक करके मछली मारने कुएं में उतरे थे. घटना शनिवार सुबह सात बजे की है. महुआ शराब बनाने के लिए कुएं में महुआ को ठंडा करने के सवाल पर डीएसपी ने कहा कि इसकी जांच की जा रही है.
जानकारी के अनुसार लाला चौधरी के कुएं में कुछ मछली है. मछली मारने के लिए कुएं का पानी मोटर पंप से सुखाया गया था. कुएं में एक से दो फीट तक पानी था. शनिवार की सुबह सबसे पहले तिलंगी चौधरी कुएं में उतरा और अचानक बेहोश होकर गिर गया. तिलंगी को बचाने के लिए पताली भी कुएं में उतरा और गश खाने लगा. ग्रामीणों के अनुसार लाला चौधरी ने दोनों को मछली मारने के लिए उतारा था. पताली का जब दम घुटने लगा तो उसे किसी तरह बाहर निकाला गया. तिलंगी का शव नीचे रहने के कारण उसे निकालने में परेशानी हुई.
शुरूआत में ग्रामीण और पुलिस शव निकालने की स्थिति में नहीं थे, लेकिन जब डीएसपी सुरजीत कुमार मौके पर पहुंचे तो उन्होंने रस्सी और लोहे के सरिया का इस्तेमाल कर शव को किसी तरह तीन घंटे की मशक्कत के बाद बाहर निकाला. दावा किया जा रहा है कि दोनों की मौत के बाद कुएं में लटका कर रखे गये महुआ को हटा दिया गया.
लाला फरार, उसके घर से भारी मात्रा में जावा महुआ बरामद
घटना के बाद सदर थाना प्रभारी कमलेश कुमार ने छानबीन तेज की. ग्रामीणों के आरोप पर थाना प्रभारी ने अंचलाधिकारी जेके मिश्रा के साथ लाला चौधरी के घर की तलाशी ली. दरवाजा बाहर से बंद पाये जाने पर ताला तोड़ कर भारी मात्रा में जावा महुआ बरामद किया गया. सारा महुआ को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया है. थाना प्रभारी ने कहा कि घटना के बाद से लाला चौधरी फरार है. ग्रामीणों ने सूचना दी है कि लाला महुआ शराब का कारोबार करता था. उन्होंने बताया कि कार्बन मोनो ऑक्साइड की चपेट में आने से दोनों युवकों की मौत हुई है.
महुआ ठंडा करने के कारण कुएं में बनी गैस
ग्रामीणों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश देखा जा रहा है. खास कर युवा इस घटना से काफी नाराज हैं. उनका कहना है कि घटना के बाद लाला चौधरी ने अपनी काले कारनामे पर पर्दा डालने की भरपूर कोशिश की. आनन-फानन में कुएं में डालडा के कई डब्बे में डाल कर लटका कर रखे गये महुआ को बाहर निकाल लिया, जबकि शव निकालने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखायी और मौके से फरार हो गया. अगर कुएं में महुआ को नहीं रखा जाता तो वहां गैस नहीं बनती और गांव के दो युवा बे-मौत नहीं मारे जाते. दोनों मृतक के तीन-तीन बच्चे हैं.
दिलाया जायेगा उचित मुआवजा: विधायक आलोक
घटना की सूचना मिलने पर क्षेत्रीय विधायक आलोक चौरसिया मौके पर पहुंचे. उन्होंने पुलिस और स्थानीय लोगों से घटना के संबंध में जानकारी ली. विधायक ने घटना पर दुःख व्यक्त करते हुए कहा कि हमारी पूरी संवेदना मृतक के परिवार के साथ है. दोनों के आश्रितों को उचित मुआवजा दिलाया जायेगा.
मौके पर मेदिनीनगर के पूर्व जिला परिषद सदस्य अर्जुन सिंह, टीओपी टू के प्रभारी रामजीत सिंह समेत कई पुलिसकर्मी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित थे.




