
Dhanbad : हिंदुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड यानी कि हर्ल ( HURL ) सिंदरी के निर्माणधीन खाद कारखाना में लापरवाही का मामला सामने आया है. पेटी कॉन्ट्रैक्टर एएनआई कंपनी के दो ठेका कर्मी बॉयलर जीटीजी ट्रांसफार्मर के बगल में कार्य के दौरान 11 हजार बोल्ट के पैनल के फटने से गंभीर रूप से जख्मी हो गये. दोनों को आनन-फानन में इलाज के लिए धनबाद के जालान अस्पताल में भर्ती कराया गया है. जहां दोनों की हालत गंभीर बताई जा रही है.
घायल होने वाले मजदूरों में एक आशीष मंडल बलियापुर थाना क्षेत्र के रघुनाथपुर का रहने वाला है, जबकि दूसरा मजदूर माधवन चेन्नई का रहने वाला बताया जा रहा है. हर्ल के ग्रुप महाप्रबंधक कामेश्वर झा दोनों मजदूरों के समूचित ईलाज की मॉनिटरिंग खुद कर रहे हैं.
हादसे के बाद हर्ल प्रबंधन ने सुरक्षा के लिहाज से अंदर की परिस्थितियां सार्वजनिक ना हो जाये यह सोचकर हर्ल में कार्यरत विभिन्न कंपनियों के मजदूरों को तत्काल हर्ल परिसर से बाहर निकाल दिया है. सभी मजदूर हर्ल के मुख्य गेट पर जमावड़ा लगा कर खड़े हैं.
आरोप लगाया जा रहा है कि हर्ल के अधीनस्थ कांटेक्टर, पेटी कांटेक्टर रंगदारी देकर दिन रात मजदूरों का शोषण करता है. सुरक्षा के लिहाज से खामियां ही खामियां हैं. मजदूरों को न्यूनतम मजदूरी से भी वंचित रखा जाता है. इस दौरान मुख्य द्वार से बाहर आकर हर्ल के सुरक्षा अधिकारी खबर संकलन कर रहे पत्रकारों से उलझ पड़े. धक्का मुक्की की.
बाहर निकल रहे श्रमिकों के साथ भी धक्का-मुक्की की गयी. स्थिति देख हर्ल प्रबंधन द्वारा सुरक्षा के लिहाज से पुलिस बल तैनात की गई है. दूसरी ओर हर्ल मुख्य द्वार के बाहर वस्तु स्थिति से अवगत होने को लेकर कर्मियों का जमावड़ा बढ़ता जा रहा है.
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