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New Delhi : प्रवर्तन निदेशालय ने बुधवार को बैंक धोखाधड़ी और मनी लांड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई की. 8100 करोड़ की धोखाधड़ी करने वाली कंपनी के 9,778 करोड़ की संपत्ति को प्रवर्तन निदेशालय जब्त कर लिया है.
करोड़ों रुपये की बैंक धोखाधड़ी से जुड़े धनशोधन मामले में गुजरात स्थित फार्मास्यूटिकल कंपनी स्टर्लिंग बायोटेक की संपत्ति जब्त की गयी है.
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अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि केन्द्रीय जांच एजेंसी ने धन शोधन निषेध कानून (पीएमएलए) के तहत संपत्ति जब्ती के लिए प्रोविजनल आदेश जारी किया है.
क्या है मामला
विदेशों में स्थित संपत्ति सहित कुल 9,778 करोड़ रुपये कीमत की संपत्ति जब्त की गई है. आरोप है कि कंपनी ने आंध्र बैंक के एक कंसोर्टियम से 5,000 करोड़ रुपये से भी ज्यादा का कर्ज लिया था.
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लोन में मिली इस रकम को कंपनी ने फर्जी खरीद-बिक्री दिखाकर अपनी शेल कंपनियों के नाम पर ट्रांसफर कर दिया. जो बाद में गैर निष्पादित संपत्तिय (एनपीए) हो गया.
कंपनी ने कुल 8,100 करोड़ रुपये के कथित कर्ज में फर्जीवाड़ा किया है. गौरतलब है कि ईडी ने साल 2017 अक्टूबर में इस मामले में केस दर्ज किया था. इसी एफआईआर पर ये कार्रवाई की गई है.