
Raj kishor
Jamshedpur : जमशेदपुर के पड़ोसी जिले सरायकेला खरसावां के गम्हरिया वन के प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी (बीईईओ) कानन कुमार पात्र का तबादला हो गया है. उन्हें चतरा जिले के हंटरगंज का प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी बनाया गया है. बता दें कि कानन कुमार पात्र पिछले करीब एक साल से अपने कारनामों को लेकर लगातार चर्चा में रहे हैं. उनके खिलाफ आदिवासी शिक्षिका राधी पूर्ति को प्रताड़ित करने का मामला जमकर तूल पकड़ा था.
मामला द्वितीय सेवा पुस्तिका बनाने के नाम पर आदिवासी शिक्षिका से रिश्वत मांगने और उन्हें प्रताड़ित करने का है. उस मामले में प्राथमिक शिक्षक संघ ने कानन कुमार पात्र का जमकर विरोध किया था. हालांकि शिक्षकों का कहना है कि उनके खिलाफ गंभीर शिकायतों के बाद भी अब तक उचित और ठोस करवाई नहीं हो पाई है. बावजूद इसके प्रखंड के अन्य शिक्षकों को भी प्रताड़ित करने का मौका नहीं छोड़ने के मामले में भी कानन कुमार पात्र लगातार चर्चा में रहे. उन पर बायोमेट्रिक के नाम से शिक्षकों से लाखों रुपए अवैध वसूली का भी आरोप लगा. साथ ही महीना दर महीना आवंटन के बावजूद शिक्षकों के वेतन भुगतान में विलंब करने के मामले में भी वे लगातार सुर्खियों में रहे. इन सबके बाद भी वे बार-बार कार्यवाही से बचते रहे. बताया जाता है कि पिछले दिनों ही अखिल झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ के सरायकेला-खरसावां जिले के पदाधिकारी चंद्रमोहन चौधरी ने पिछले दिनों शिक्षा मंत्री से मिलकर कानन कुमार पात्र के कारनामों की शिकायत की थी. इस बीच उनका चतरा में तबादला हो ना एक बार फिर गम्हरिया प्रखंड के शिक्षकों में चर्चा का विषय बना हुआ है. सूत्रों की माने तो तबादले की लिस्ट निकलने की भनक कानून कुमार पात्र को पहले ही लग चुकी थी. उसके बाद उन्होंने अपनी पहुंच और पैरवी के बल पर जमशेदपुर और आसपास के जिलों में अपना तबादला करवाने की काफी कोशिश की, लेकिन अंततः उन्हें निराशा ही हाथ लगी. वैसे कानन कुमार पात्र के तबादले से गम्हरिया प्रखंड के शिक्षकों ने राहत की सांस ली है.
इसे भी पढ़ें – राज्य में 21.54% परिवारों को मिला नल से जलापूर्ति का लाभ, डोभी-दुर्गापुर पाइपलाइन एवं बोकारो-धामरा गैस पाइपलाइन का काम पूरा




