
Asansol : पश्चिम बंगाल के आसनसोल सांसद और केंद्रीय पर्यावरण राज्य मंत्री बाबुल सुप्रियो का दावा किया है कि सोशल मीडिया पर जिस तरह से गाली, नफरत और गैर जरूरी चीजें चल रही हैं. उससे ऐसा ही लगने लगा है कि जैसे इंटरनेट का शौचालय बन गया है. बाबुल सुप्रियो ने फेसबुक पर एक पोस्ट लिखा है.
पोस्ट में ही उन्होंने लिखा है कि सोशल मीडिया पर सिविल डिबेट नहीं हो सकती. साथ ही लिखा है कि कुछ लोग ऐसे भी हैं, जो जिम्मेदार विपक्ष की तरह अच्छी भाषा का इस्तेमाल कर लिख रहे हैं. लेकिन अधिकतर लोग एक दूसरे के दुश्मन की तरह बर्ताव कर रहे हैं.
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सोशल मीडिया खो रहा है अपनी पहचान
अपनी पोस्ट में बाबुल सुप्रियो ने लिखा है कि लोग मुझे गालियां दे रहे हैं, लेकिन कोई बात नहीं है. मैं दूसरों को रोक नहीं सकता, लेकिन लोग एक दूसरे के खिलाफ जिस तरह से नफरत भरे और अश्लील गाली का इस्तेमाल कर रहे हैं, वो चिंता का विषय है.
आज सोशल मीडिया अपनी पहचान खोता जा रहा है. पांच साल पहले ऐसा नहीं था. पहले लोग सोशल मीडिया पर अपने विचार रखते थे और इस ओर ध्यान नहीं देते थे कि लोग उसपर क्या कह रहे हैं. यह ठीक उसी तरह से था, जैसे एक टीवी इंटरव्यू होता है.
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सोशल मीडिया पर बाबुल अक्सर रखते हैं अपनी बात
किसने क्या कहा, आप उसका जवाब नहीं देते. बस मुद्दा आधारित बातें कहते हैं. बाबुल सुप्रियो ने कहा कि ऐसे इंटरव्यू में कोई किसी को गालियां नहीं दे सकता. साथ ही कहा कि आपकी सोच है कि इस प्रवृत्ति को बदला नहीं जा सकता.
लोगों को सभ्यता से अपनी बातें रखनी सीखनी चाहिए. उल्लेखनीय है कि सोशल मीडिया पर बाबुल सुप्रियो काफी सक्रिय रहते हैं.
फेसबुक से लेकर ट्विटर तक पर बाबुल सुप्रियो लगातार विभिन्न मुद्दों पर अपनी बात रखते हैं. इसके अलावा अपने मंत्रालय के कार्यों से भी लोगों को अवगत कराते रहते हैं. हालांकि उनके अधिकारिक सोशल अकाउंट पर बड़ी संख्या में लोग उन्हें गालियां भी देते हैं और अश्लील शब्दों का इस्तेमाल भी करते रहते हैं.
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