
Palamu: जिले के तरहसी प्रखंड के कई विद्यालयों में ना शौचालय बनाया गया और ना ही विद्यालय भवन. गलत तरीके से लाखों की फर्जी निकासी कर राशि गबन कर ली गई है. विभागीय जांच में सात विद्यालयों में शौचालय और स्कूल भवन निर्माण में 14 लाख 50 हजार 188 रुपए गबन किए जाने की पुष्टि हुई है. झारखंड राज्य परियोजना के आदेश के बावजूद भी अभी तक राशि गबन करने वाले आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी गयी है और ना ही राशि रिकवरी करायी जा सकी है.
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न्यू प्राथमिक विद्यालय झूरहा में सरकार द्वारा वर्ष 2012-2013 में शौचालय निर्माण के लिए 66 हजार रुपए का आवंटन किया गया था. आधा अधूरा शौचालय बनाकर पूरी राशि निकाल ली गई. 2015-2016 में पुनः इसी विद्यालय में शौचालय निर्माण के लिए 45 हजार आवंटित किए गए. विद्यालय के सचिव के द्वारा बिना शौचालय निर्माण कराए ही गलत तरीके से 45 हजार निकाल लिए गए.
झुरहा न्यू प्राथमिक विद्यालय में वर्ष 2007-2008 में भवन निर्माण के लिए विभाग ने 4 लाख 92 हजार 600 रुपए का आवंटन किया था. आधा अधूरा भवन का निर्माण कर सचिव ने पूरी राशि निकालकर गबन कर ली है. इसी तरह तेलडीहा न्यू प्राथमिक विद्यालय में वर्ष 2011-2012 में 7 लाख 58 हजार 415 भवन निर्माण के लिए आवंटित की गई थी. इसमें भी विद्यालय के सचिव के द्वारा आधा अधूरा भवन बनाकर सारे पैसे निकाल लिए गए.
सिकनी न्यू प्राथमिक विद्यालय में वर्ष 2007-2008 में 4 लाख 92 हजार 600 भवन निर्माण के लिए आवंटित किया गया था. आज भी भवन निर्माण अधूरा है, लेकिन राशि पूरी निकाल ली गई है. इस विद्यालय में शौचालय निर्माण की राशि भी फर्जी तरीके से निकाल ली गई है. पुरना हिंदिया के प्राथमिक विद्यालय में शौचालय निर्माण के 45 हजार रुपए गबन कर लिये गये हैं.
सरईडीह न्यू प्राथमिक विद्यालय में 2008-2009 में 5 लाख 56 हजार भवन निर्माण के लिए राशि आवंटित हुई थी. आज भी भवन अधूरा पड़ा हुआ है और पैसे की निकासी हो गई है. न्यू प्राथमिक विद्यालय छकनाडीह में वर्ष 2008-2009 में 5 लाख 56 हजार और 2009- 2010 में 7 लाख 72 हजार 954 रुपए भवन निर्माण के लिए आवंटित हुई थी, लेकिन आज भी इस विद्यालय के दोनों भवन अधूरे पड़े हुए हैं, जबकि सारी राशि की निकासी हो चुकी है.
न्यू प्राथमिक विद्यालय हरिजन टोला नावा में वर्ष 2009-10 में भवन निर्माण के लिए 7 लाख 72 हजार 954 रुपए मिला था. भवन का निर्माण पूरा किए बिना ही पैसे की निकासी कर ली गई. इसी विद्यालय में शौचालय निर्माण के लिए 2012-13 में 66 हजार आया था. आधा अधूरा शौचालय बनाकर पैसे निकाल लिये गये हैं. पुनः इसी विद्यालय में 2015-2016 में 45 हजार दोबारा शौचालय निर्माण के लिए आवंटित की गई, लेकिन बिना शौचालय बनाए ही सारे पैसे डकार लिये गए.
इन सभी विद्यालयों में कुल 14 लाख 50 हजार 188 रुपए की गबन का पुष्टि हुई है. सबसे अहम बात है कि गबन की पुष्टि होने के बाद राज्य परियोजना निदेशक के द्वारा 27 सितंबर 2022 को क्षेत्रीय संयुक्त शिक्षा निदेशक, पलामू जिला शिक्षा अधीक्षक सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक सह अपर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी को पत्र लिखकर दोषी लोगों पर प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया गया था, लेकिन आज तक दोषी लोगों पर प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी जा सकी और ना ही पैसे की रिकवरी करायी जा सकी है.
राशि की रिकवरी के लिए बनाया जाएगा दबावः बीईईओ
जांच में 14 लाख 50 हजार 188 रुपए गबन की पुष्टि होने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी के द्वारा तरहसी बीईईओ परमेश्वर साहू को उक्त राशि रिकवरी कराने के लिए आदेश निर्गत किया गया था, लेकिन प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी (बीईईओ) परमेश्वर साहू सरकारी राशि गबन करने वाले शिक्षकों पर कार्रवाई करना नहीं चाहते हैं. मामला लंबा खींचने से यह प्रतीत होता है. उन्होंने कहा कि इस सिलसिले में बैठक की गई थी. कई शिक्षक आए थे, जबकि कई नहीं पहुंचे थे। राशि वापस करने की इच्छा जताई गई है. इसके लिए पुनः बैठक कर राशि रिकवरी के लिए दबाव बनाया जाएगा.




