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मुस्लिम पार्टी विवाद : उर्दू अखबार अपनी रिपोर्ट पर कायम,   जावड़ेकर ने  कांग्रेस को पाखंडी बताया

NewDelhi :  कांग्रेस मुसलमानों की पार्टी वाला विवाद बढ़ता ही चला जा रहा है. यह कांग्रेस के गले की फांस बन गया है. इस विवाद को भुनाने का भाजपा कोई भी मौका नहीं चूक रही है. बता दें कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पिछले दिनों मुस्लिम बुद्धिजीवियों के बीच कथित रूप से कांग्रेस को मुसलमानों की पार्टी कहा था. उर्दू अखबार में इस संबंध में रिपोर्ट छपते ही हंगामा मच गया. इसके बाद कांग्रेस ने उर्दू अखबार की रिपोर्ट को सिरे से खारिज दिया और लीपापोती में जुट गयी. लेकिन अब फिर उसी उर्दू अखबार में कांग्रेस अल्पसंख्यक मोर्चे के प्रमुख नदीम जावेद का इंटरव्यू छपते ही विवाद फिर गर्मा गया है. इंटरव्यू में एक तरह से कांग्रेस नेता ने पुष्टि की है कि राहुल गांधी ने कांग्रेस को मुसलमानों की पार्टी बताया था. भाजपा कांग्रेस पर हमलावर तो थी ही, अब इस इंटरव्यू ने  आग में घी डाल दिया है. भाजपा के मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि कांग्रेस का इन आरोपों से इनकार करना उसका पाखंड दर्शाता है.

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कांग्रेस घोर सांप्रदायिक पार्टी

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जावड़ेकर ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कांग्रेस घोर सांप्रदायिक पार्टी है. इस क्रम में कांग्रेसी नेता शशि थरूर के उस बयान पर भी निशाना साधा,  जिसमें थरूर ने हिंदू पाकिस्तान की बात कही थी. जावड़ेकर ने कहा कि कांग्रेस के नेता इस देश की अवधारणा समझते ही नहीं हैं. जावड़ेकर ने आरोप लगाया कि केरल में कांग्रेस ने रामायण पर एक कार्यक्रम तय किया था. कांग्रेस महात्मा गांधी के राम राज्य की अवधारणा पर इस कार्यक्रम का आयेाजन करने वाली थी. लेकिन कार्यक्रम रद्द कर दिया गया क्योंकि कांग्रेस मुसलमानों की पार्टी है. कहा कि पीएम मोदी ने कांग्रेस से क्या गलत पूछ लिया कि आप मुस्लिम महिलाओं की पार्टी हैं या नहीं?  केवल आप पुरुषों की ही बात कहोगे. यह कैसी राजनीति है.

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कांग्रेस तुष्टीकरण की राजनीति करती है

जावड़ेकर ने कहा कि कांग्रेस तुष्टीकरण की राजनीति करती है. देश में 1984 में सिखों का नरसंहार हुआ था. 3000 सिखों को मारा गया था. भागलपुर में सांप्रदायिक दंगा हुआ था. शाह बानो केस एक सांप्रदायिक सोच का उदाहरण है. इसके सामने पूरी राजनीति और संविधान का समर्पण कर डाला गया. पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने कहा था कि संसाधनों पर पहला अधिकार मुसलमानों का है. यह पूरी कांग्रेस की सोच है.  उन्होंने कहा कि सुशील कुमार शिंदे ने राज्यों को पत्र लिखकर आतंकवाद के आरोप में पकड़े गए मुस्लिम युवाओं को छोड़ने की वकालत की थी.

इंकलाब अपनी रिपोर्ट पर कायम

 

इंकलाब अपनी रिपोर्ट पर कायम है. इंकलाब के संपादक मुमताज रिजवी ने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ के साथ बातचीत में कहा है कि वह अपनी रिपोर्ट पर कायम हैं. अखबार ने सोमवार के अंक में कांग्रेस के अल्पसंख्यक मोर्चे के चेयरमैन नदीम जावेद का इंटरव्यू छापा है, जिसमें कांग्रेस नेता ने कहा है कि अखबार ने कोई गलत बयान नहीं छापा है.  उर्दू अखबार में छपे इंटरव्यू में नदीम जावेद ने कहा कि राहुल गांधी ने मुसलमानों के ताल्लुक से न कोई गलत बात कही है और न ही इंकलाब ने कोई गलत बात लिखी है.

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