
Chakradharpur : डीएमएफटी फंड के ढ़ाई करोड़ रुपए से चक्रधरपुर अनुमंडल अस्पताल परिसर में सौ बेड का भवन निर्मित हो रहा है. सोमवार को घटिया निर्माण के सूचना पर पूर्व विधायक शशिभूषण सामड कार्यस्थल पहुंचे. उन्होंने पाया कि काफी अनियमितता बरती जा रही है. भवन निर्माण में सरकारी अस्पताल से चोरी के बिजली का उपयोग किया जा रहा है. अस्पताल के पानी का भी इस्तेमाल हो रहा. इस पर पूर्व विधायक भड़क उ ठे. कहा कि भवन में लगाई जा रही ईंट को यदि तीन फीट ऊंचाई से गिरा देते हैं, तो वह टूट जा रहा है. इतना ही नहीं, ईंट को हाथ में लेकर रगड़ देने से वह डस्ट बन जाता है.
बाद में शशि भूषणसामड योजना ने अस्पताल प्रभारी, पोड़ाहाट एसडीओ ललन कुमार और बिजली विभाग के सहायक अभियंता मनोज कुमार निराला को अस्पताल भवन में गड़बड़ी के बारे में जानकारी दी और कार्यस्थल आने का आग्रह किय. अधिकारियों ने पहुंच कर मामले की जांच- पड़ताल की.जांच के दौरान भाजपा के वरिष्ठ नेता पवन शंकर पांडेय, नगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता आदि उपस्थित थे.
भवन निर्माण में गड़बड़ी है, कार्रवाई होनी चाहिए: एसडीओ
पोड़ाहाट एसडीओ ललन कुमार ने भवन की जांच पड़ताल करने के बाद मीडिया से कहा कि मामले में गड़बड़ी है, इसकी जांच होनी चाहिए और कार्रवाई भी. उन्होंने कहा कि ठेकेदार द्वारा गैरकानूनी तरीके से बिजली लेकर कार्य किया जा रहा है. चाईबासा जाकर उपायुक्त को पूरी स्थिति से अवगत करायेंगे.
ठेकेदार ने अस्पताल से कैसे बिजली ली इसकी जानकारी मुझे नहीं: डॉक्टर मोइन अख्तर अंसारी
चक्रधरपुर अनुमंडल अस्पताल के चिकित्सा प्रभारी डॉक्टर मोइन अख्तर अंसारी ने कहा कि अस्पताल परिसर से ठेकेदार किस तरह बिजली लेकर उपयोग कर रहा है इसकी जानकारी मुझे नहीं है. ना ही ठेकेदार ने उन्हें कभी कुछ कहा. उन्होंने बिजली विभाग को इस संबंध में एक लिखित आवेदन भी दिया है कि ठेकेदार अस्पताल से बिजली लेकर कार्य कर रहा है.
ठेकेदार पर चोरी का बिजली का मामला दर्ज हो: शशिभूषण समाड

पूर्व विधायक शशिभूषण समाड ने कहा कि ठेकेदार अस्पताल का पानी और चोरी का बिजली लेकर कार्य कर रहा है. इन पर मामला दर्ज होना चाहिए, नहीं तो भाजपा द्वारा आंदोलन किया जाएगा.
जांच के बाद मामला दर्ज होगा: विद्युत अभियंता
चक्रधरपुर बिजली विभाग के सहायक अभियंता मनोज कुमार निराला ने कहा कि अस्पताल परिसर के मीटर से बाईपास कर ठेकेदार द्वारा बिजली का उपयोग किया जा रहा है. यह कमर्शियल मामला है. मामले की पूरी जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी.
चोरी का बिजली और पानी का उपयोग कर रहे हैं ठेकेदार
अस्पताल भवन बनाने के लिए ठेकेदार द्वारा न ही बिजली विभाग से कनेक्शन लिया गया है और न ही बोरिंग करायी गई है. तीन महीने से अस्पताल भवन का कार्य चल रहा है. रॉड कटाई से लेकर हर तरह के काम में बिजली का उपयोग किया जा रहा है. यही नहीं, अस्पताल परिसर में काम करनेवाले मजदूरों के लिए अस्थायी भवन भी बनाया गया है, उसमें भी पंखा लगाया गया है. बिजली विभाग ने कटर मशीन, तार और अन्य सामग्री को जब्त कर लिया है. साथ ही ठेकेदार प्रीतम साहू पर 90 हजार रुपये जुर्माना लगाया है.




