
Ranchi: मुंबई की जेल में मानवाधिकार कार्यकर्ता फादर स्टेन स्वामी के लगातार गिरते स्वास्थ्य को देखते हुए अविलंब उन्हें रिहा करने की मांग को लेकर ऑल इंडिया पीपुल्स फोरम की झारखण्ड इकाई व अन्य सामाजिक जनसंगठनों द्वारा आज 3 बजे दिन से राज्यव्यापी “नागरिक अभियान” की शुरुआत की गयी.
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अभियान में शामिल लोगों ने अपने-अपने स्थान से ऑनलाइन पोस्टर प्रदर्शित कर एकजुटता दर्शायी. इस अभियान के माध्यम से झारखंड सरकार से भी मांग की गयी कि वह फादर स्टेन की जीवनरक्षा के लिए महाराष्ट्र की सरकार से बातचीत कर तत्काल उन्हें पैरोल पर रिहा कराने की पहल करे.

नागरिक अभियान की शुरुआत माले विधायक विनोद सिंह समेत राजधानी में फोरम से जुड़े हॉफमैन ला एसोसिएट्स के फादर महेंद्र पीटर तिग्गा, फोरम राष्ट्रीय समिति सदस्य नदीम खान, झारखण्ड जन संस्कृति मंच के प्रदेश संयोजक जेवियर कुजूर व गौतम मुंडा, वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कुमार वरुण, पत्रकार किसलय, पूर्व टीएसी सदस्य रतन तिर्की,सामाजिक कार्यकर्ता आलोका कुजूर व दीपा मिंज, इनौस राज्य सचिव अमल घोषाल, झामस नेता देवकी नंदन बेदिया समेत कई अन्य संगठनों के प्रतिनिधियों ने प्रोटेस्ट-पोस्टर के जरिये की.
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नागरिक अभियान के माध्यम से कहा गया कि फादर स्टेन स्वामी द्वारा हमेशा झारखण्ड में कॉर्पोरेट कंपनियों की लूट के खिलाफ जल, जंगल, ज़मीन के सवालों और आदिवासी व नागरिक समाज के मानवाधिकार हनन के खिलाफ आवाज़ उठाने के कारण ही उनपर यूएपीए जैसा काला कानून लगा दिया है.

गंभीर बीमारी के हाल में रांची से ले जाकर मुंबई जेल में बंद करना अमानवीय है. इस तरह का अन्याय झारखण्ड प्रदेश का नागरिक समाज कतई बर्दाश्त नहीं करेगा. तय किया गया कि फादर स्टेन की रिहाई के सवाल पर झारखण्ड के गांव-गांव से व्यापक जन दबाव खड़ा किया जाएगा.
नागरिक अभियान के तहत रांची के बुंडू, बगोदर, गिरिडीह, रामगढ़, बोकारो, जमशेदपुर, गढ़वा ,पलामू, हजारीबाग, धनबाद और लातेहार समेत कई अन्य इलाकों में प्रतिवाद किया गया. इसके साथ ही सोशल मीडिया मंच पर भी विरोध जाहिर किया गया.
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