
Giridih : महिला स्वयं सहायता समूह की सदस्याओं का स्नान के दौरान वीडियो बनाकर फेसबुक पर वायरल करने के आरोपी युवक को साइबर थाना की पुलिस शुक्रवार देर शाम गिरफ्तार कर गिरिडीह ले आयी. शनिवार को उसे जेल भेजा जायेगा.
आरोपी के गिरफ्तारी की पुष्टि साइबर पुलिस निरीक्षक सहदेव प्रसाद और सुरेन्द्र मंडल ने की है. आरोपी युवक बिहार के लखीसराय के कजरा थाना क्षेत्र का रहने वाला है.
जानकारी के अनुसार, साइबर थाना पुलिस जब युवक को गिरफ्तार करने लखीसराय पहुंची, तो वह घर पर नहीं था. स्थानीय थाना के सहयोग से उसे कजरा थाना क्षेत्र में रोड में घूमने के दौरान दबोचा गया.
पुलिस के हत्थे चढ़ने के बाद जब आरोपी के मोबाइल को खंगाला गया, तो उसमें वीडियो मिला.
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एक ही पंचायत भवन में रहते थे युवक व तीनों पीड़िताएं
आरोपी युवक के खिलाफ समूह की एक पीड़िता ने साइबर थाना में केस दर्ज कराया था. पीड़िता के आवेदन के आधार पर साइबर थाना पुलिस थाना कांड संख्या 29/19 दर्ज कर अनुसंधान में जुट गयी थी.
बीते सितबंर के इस मामले का अनुसंधान खुद साइबर थाना प्रभारी सुरेन्द्र मंडल ने किया था. केस दर्ज होने के बाद 41 दिनों तक चले अनुसंधान के बाद साइबर थाना पुलिस आरोपी युवक पंकज का पता लगाने में सफल हुई थी.
थाना प्रभारी सह केस के अनुसंधानकर्ता सुरेन्द्र मंडल के अनुसार तीनों पीड़ित महिलाएं जिले के अलग-अलग प्रखंडों की रहने वाली हैं. वे स्वयं सहायता समूह बनाकर गांडेय के जामजोरी गांव के एक पंचायत भवन में ही रहा करती थीं.
जानकारी के अनुसार इसी पंचायत भवन में डिजिटल इंडिया का कार्य कर रही कंपनी पीजीसीआइएल के कर्मी भी रहा करते थे. इन कर्मियों में पंकज कुमार जामजोरी गांव में कंपनी का केबल बिछाने का कार्य करने के साथ कर्मियों के लिए खाना भी बनाता था.
महिला स्वयं सहायता समूह में कार्यरत तीनों महिलाएं भी इसी पंचायत भवन में रह रही थीं. एक पंचायत भवन में रहने के दौरान आरोपी युवक पंकज ने एक बार तीनों महिलाओं के स्नान करते हुए अलग-अलग वीडियों बनाये और उस पर अश्लील गीत सेट कर फेसबुक पर वायरल कर दिया.
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पीड़ित महिलाओं को उनके रिश्तेदारों ने दी मामले की जानकारी
वायरल वीडियो तीनों महिलाओं के रिश्तेदारों तक पहुंच गया. तब उनके माध्यम से महिलाओं को मामले की जानकारी मिली.
इसके बाद साइबर थाना में केस दर्ज हुआ. केस दर्ज होने के बाद भी साइबर थाना पुलिस को आरोपी युवक तक पहुंचने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी.
जानकारी के अनुसार आरोपी युवक चारों सिम कार्ड में एक कार्ड का ही इस्तेमाल अपने नाम पर कर रहा था, जबकि तीन कार्ड उसने अलग-अलग नाम से ले रखे थे.
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