
Ranchi: पूर्व सांसद और विधायक इरफान अंसारी के पिता फुरकान अंसारी प्रदेश कांग्रेस से नाराज हैं. कैश कांड में विधायक राजेश कच्छप, नमन विक्सल कोंगाडी और इरफान अंसारी के खिलाफ दर्ज कराये गये एफआईआर को सुनियोजित साजिश बताया है. मंगलवार को रांची में प्रेस वार्ता में कहा कि पार्टी में आपसी खींचातानी होती रहती है. मतभेद होता है पर इसका मतलब यह नहीं कि आपस में ही झगड़ा करने लगें. यह पहली दफा हुआ है कि कांग्रेस पार्टी ने अपनी ही पार्टी के तीन विधायकों के खिलाफ एफआईआर करायी हो. यह जल्दबाजी में लिया गया फैसला था जिसका कारण पार्टी को बताना होगा. अरगोड़ा थाना (रांची) में दर्ज कराई गयी प्राथमिकी में डेट 31-7-20 है. थाना ने भी 31-1-22 के डेट से इसे दर्ज किया है. यह सब साजिश दिखती है.
अनूप सिंह एफआईआर दर्ज कराने वाले कौन
फुरकान अंसारी ने विधायक अनूप सिंह को निशाने पर लिया. कहा कि पार्टी में आपसी विवाद, मसले को पार्टी फोरम पर रखना चाहिए. पार्टी में शुरू से यही सिस्टम रहा है. ऐसे में जल्दबाजी में और आपसी खुन्नस में एफआईआर दर्ज कराने वाले अनूप सिंह कौन होते हैं. और अगर उन्हें पूर्व में कोई आफर आया था तो उसी समय एफआईआर कराते. उन्हें ही बार बार आफर क्यों आते हैं. फुरकान ने पूर्व पीएम इंदिरा गांधी, राजीव गाँधी और नरसिम्हा राव जैसे नेताओं के करीबी संपर्क रहने का हवाला देते नाराजगी जतायी कि उनके परिवार पर कांग्रेस में अब उंगली उठाई जा रही है. इरफान अंसारी ने आखिर क्या गलती की है. मांडर उपचुनाव में इरफान 5 दिनों तक चुनाव प्रचार में पार्टी की जीत के लिए ताकत लगायी थी. इन सब परिस्थितियों को देखते कांग्रेस को भी चाहिए था कि स्पष्टीकरण मांगती. सोनिया गांधी को चाहिए कि वह इस पर पहल करे. स्पष्टीकरण संतोषजनक ना हो तो एक्शन ले. सीएम हेमंत को भी अपने हनुमान से बात करनी चाहिए. फुरकान के मुताबिक इरफान हर बार बंगाल जाकर वहाँ से कपड़ों की खरीद करते हैं. बच्चे के एडमिशन का भी मामला था. इसी क्रम में वे बाकी दो विधायकों के संग बंगाल तरफ गये थे.




