
Lucknow : जम्मू-कश्मीर समस्या की जड़ में सिर्फ कांग्रेस और पंडित जवाहरलाल नेहरू थे. यह बात यूपी की पूर्व सीएम बसपा सुप्रीमो मायावती ने कही. केंद्र सरकार द्वारा जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 हटाये जाने के फैसले का एक बार फिर समर्थन करते हुए मायावती ने विपक्षी नेताओं के कश्मीर दौरे पर भी सवाल खड़े किये. इस क्रम में मायावती ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में हालात सुधरने में अभी कुछ और वक्त लगेगा.
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कांग्रेस ने अपने शासन में बहुजन समाज को नजरअंदाज किया
कांग्रेस पर हमलावर रुख अपनाते हुए मायावती ने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा अपने शासन में बहुजन समाज को नजरअंदाज किया. मायावती ने कहा कि कभी भी बहुजन समाज के आंदोलन को कमजोर नहीं होने दिया जायेगा. मायावती ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने आंबेडकर को संसद में नहीं पहुंचने दिया और उसके बाद उन्हें भारत रत्न सम्मान भी नहीं दिया. कांग्रेस पर उन्होंने आरक्षण को सही ढंग से लागू न कराने का भी आरोप लगाया.
कांशीराम के निधन पर राष्ट्रीय शोक घोषित नहीं किया गया
मायावती ने कहा कि कांशीराम के निधन पर एक दिन का भी राष्ट्रीय शोक घोषित नहीं किया गया. कांग्रेस पर दलितों, पिछड़ों, आदिवासियों और मुस्लिमों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए मायावती ने कहा कि उसने हमेशा अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा को नजरअंदाज किया. यूपी की पूर्व सीएम ने कहा कि कांग्रेस के राज्य में जिस तरह से बहुजन समाज को किनारे रखा गया है, उसे भुलाया नहीं जा सकता.
मायावती ने एक बार फिर बीएसपी की राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने के बाद बुधवार को झारखंड, हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली में विधानसभा चुनाव लड़ने का भी ऐलान किया. उन्होंने कहा कि इन राज्यों में भाजपा और कांग्रेस के खिलाफ बीएसपी मजबूती के साथ लड़ेगी .
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