
Ranchi : विधानसभा के बजट सत्र के छठे दिन भी सदन में बीजेपी विधायकों ने हंगामा किया. सदन की कार्यवाही 11.08 बजे शुरू हुई. लेकिन हंगामा इतना बढ़ गया कि सदन की कार्यवाही 11.43 पर ही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गयी.
वहीं कार्यवाही शुरू होते ही बीजेपी विधायकों ने बाबूलाल मरांडी को नेता प्रतिपक्ष का दर्जा देने की मांग पर हंगामा शुरू कर दिया. और 11.15 में बीजेपी के विधायक वेल में पहुंच गये. हालांकि इसी हंगामे के बीच सदन चल रहा था.
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हंगामा कर रहे विधायकों पर हेमंत ने ली चुटकी
बीजेपी के विधायक हंगामा करते हुए वेल में ही फर्श पर बैठ गये और नारा लगाने लगे कि, अध्यक्ष महोदय न्याय दें. इसी बीच सदन में हेमंत सोरेन पहुंचे विधायकों की नारेबाजी पर चुटकी ली.
हेमंत सोरेन ने इशारो में ही फर्श पर बैठे बीजेपी विधायकों से पूछा कि क्या हुआ. जिसपर हंगामा और नारेबाजी विपक्ष की ओर से बढ़ गया.
सदन की कार्यवाही के दौरान ही बीजेपी विधायक ने छठी जेपीएससी का मुद्दा उठाया और मांग रखी कि इसे रद्द कर दिया जाये. जबकि बीजेपी के ही विधायक बिरंची नारायण, मनीष जायसवाल और भानू प्रताप शाही ने सदन में खुद की ओर से सरकार से पूछे गय़े सवालों का जवाब नहीं लिया. तीनों विधायकों का कहना था कि पहले बाबूलाल पर फैसला दिया जाये तभी वे अपने सवालों का जवाब सदन में सुनेंगे.
बीजेपी विधायकों के इस रवैये से स्पीकर भी सख्त नजय ये और उन्होंने कहा कि जनता के सवालों के साथ सदन में समझौतै नहीं किया सकता है.इसलिए विपक्ष को जवाब सुनना चाहिए.
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सीपी सिंह ने ली बन्ना गुप्ता पर चुटकी
दूसरी ओर बंधु तिर्की की ओर से स्वास्थय मंत्री बन्ना गुप्ता से सवाल किया गये थे. जिसके जवाब में बन्ना गुप्ता ने कहा कि एक हफ्ते में सवाल का जवाब सदन में दे दिया जायेगा. इस पर बीजेपी विधायक सीपी सिंह ने चुटकी लेते हुए कहा कि सदन में मंत्री को तैयारी के साथ आना चाहिए,क्योंकि इस तरह का जवाब कोई नम्रता नहीं है.
सदन के बाहर भी हुई नारेबाजी
इससे पहले बाबूलाल मरांडी को नेता प्रतिपक्ष का दर्जा देने की मांग पर अड़े बीजेपी विधाय़कों ने सदन के बाहर भी नारेबाजी की. विपक्षी विधायकों ने बाबूलाल को नेता प्रतिपक्ष का दर्जा देने की मांग का पोस्टर भी पहन रखा था. साथ ही सदन के बाहर, नेता प्रतिपक्ष पर क्यों डरे हुए हैं हेमंत सरकार, बंद करो ये अत्याचार का नारा लगा रहे थे.
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