
Gourav
Ranchi : आयुष्मान के जरिए ऑपरेशन कराने आये मरीजों को 2 महीने से भी अधिक का इंतजार करना पड़ रहा है. राज्य के सबसे बड़े अस्पताल में इलाजरत कई मरीज पिछले 2 महीने से अस्पताल में बस इसलिए ही हैं कि उनका ऑपरेशन हो जाए. ऑपरेशन में देर की वजह जानने पर पता चला कि वे आयुष्मान योजना के तहत अपना इलाज करा रहे हैं, और उनके ऑपरेशन के लिए इंप्लांट का ऑर्डर कर दिया है. इंप्लांट लाने के प्रोसेस में काफी समय लग जाता है जिससे काफी देर हो जाती है. रिम्स के न्यूरो विभाग में ही प्रतिदिन करीब छह लोगों के ऑपरेशन किये जाते हैं. पर इसके लिए काफी लंबा इंतजार करना पड़ता है.
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इंप्लांट लाने में हो रही है देरी
इंप्लांट आ पाने में देरी होने के कारण आयुष्मान के मरीजों के इलाज में देर हो जा रही है. इंप्लांट के जरुरत वाले मरीजों को पहले आयुष्मान सर्वेयर से मिलकर आर्डर करना पड़ता है. उसके बाद आयुष्मान के तहत आर्डर प्लेस कर दिया जाता है. आर्डर आने में ही एक महीने से अधिक समय लग जाता है. जब इंप्लांट आ जाता है तो ऑपरेशन का नंबर लगता है. जिसके बाद नंबर मिलता है तो 15 दिन के बाद का होता है.
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न्यूरो विभाग में सबसे अधिक मरीजों को करना पड़ता है इंतजार
रिम्स में सबसे अधिक न्यूरो विभाग के मरीजों को इंप्लांट की जरुरत पड़ती है. न्यूरो विभाग में अभी भी 20 से अधिक मरीज इंप्लांट नहीं आने के कारण ऑपरेशन का इंतजार कर रहे हैं. न्यूरो विभाग में हेड इंज्यूरी, ब्रेन, स्पाइनल, संबंधी मरीज आते हैं जिसमें इंप्लांट की जरुरत पड़ती है. हर दिन लगभग दस से पंद्रह लोग इंप्लांट के लिए आयुष्मान सर्वेयर के पास आवेदन करते हैं.
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