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मेदिनीनगर : शहीद की विधवा को मिला सम्मान

Palamu : शहीदों की शहादत कभी बेकार नहीं जाती है. देश व समाज की रक्षा के लिए अगर जान देने की पड़े तो यह हर पुलिसकर्मी के लिए गर्व की बात है. उक्त बातें पुलिस इंस्पेक्टर तरुण कुमार ने कही. वे रविवार को शहर थाने में आयोजित पुलिस स्मृति दिवस कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे. कार्यक्रम के दौरान शहीद आरक्षी उपेंद्र कुमार सिंह की पत्नी पूजा देवी को फूल माला का गुलदस्ता देकर उन्हें सम्मानित किया.

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विस्फोट में हो गए थे शहीद

पूजा देवी ने कहा कि पुलिसकर्मियों को हौसला बढ़ाना हम सभी का दायित्व बनता है. इस कार्य में सभी को आगे आना चाहिए. पूजा देवी के पति वर्ष 2010 में मनातू में एक नक्सली हमले में शहीद हो गए थे. वह उस समय के उपायुक्त संतोष मैथ्यू के साथ एक कार्यक्रम में मनातू गए थे. जहां नक्सलियों ने विस्फोट कर दिया था. इस विस्फोट में उपेंद्र कुमार सिंह शहीद हो गए थे.

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रविवार को एक शादी समारोह में पूजा देवी को पूरे मान-सम्मान के साथ सम्मानित किया गया. मौके पर कई पुलिसकर्मी भी मौजूद थे. जानकारी के मुताबिक पुलिस स्मृति दिवस पर शहीदों और उनके परिजनों को श्रद्धांजलि व सम्मानित किया जा रहा है.

सीआरपीएफ 134वीं मुख्यालय में रक्तदान शिविर

केन्द्रीय अर्द्धसैनिक बल (सीआरपीएफ) द्वारा पुलिस संस्मरण दिवस अलग तरीके से मनाया गया. डालटनगंज के जीएलए कॉलेज के समीप सीआरपीएफ की 134 बटालियन मुख्यालय में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में एएसपी ऑपरेशन अरूण सिंह, सीएमओ केके सिंह, समेत 134 और 112वीं बटालियन के सैकड़ों अधिकारियों और जवानों ने रक्तदान किया. रक्तदान करने के बाद एएसपी ऑपरेशन अरूण सिंह ने कहा कि रक्तदान से किसी को नुकसान नहीं होता, सिर्फ फायदा की होता है. इसलिए लोगों को बढ़-चढ़कर रक्तदान करना चाहिए. शहीदों को याद करते हुए रक्तदान किया गया है, ताकि उनके खून से किसी को नया जीवन मिल सके. देश में शांति स्थापित करने के साथ-साथ लोगों को नया जीवन देने के लिए सीआरपीएफ हर तरह से तैयार है.

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