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पलामू: पाटन और नावा जयपुर में चार ईंट भट्ठे ध्वस्त, अबतक 13 अवैध भट्ठे तोड़े गए

Palamu : पलामू जिले में इन दिनों अवैध ईंट भट्ठे पर कार्रवाई तेज की गयी है. इसी क्रम में शनिवार को तीसरे दिन पाटन और नावा जयपुर के अवैध ईंट भट्ठे पर कार्रवाई की गयी. चार ईंट भट्ठे ध्वस्त किए गए. पाटन थाना क्षेत्र के बलगाड़ा एवं मंझौली तथा नावाजयपुर थाना क्षेत्र के कतरी एवं तीसीबार में ईट भट्ठे पर संचालित चिमनी को तोड़ा गया. साथ ही ईट भट्ठा का संचालन कर रहे संचालकों के खिलाफ संबंधित थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई गयी.

खनन पदाधिकारी आनंद कुमार एवं जिला स्तरीय गठित खनन टास्क फोर्स के सदस्यों यथा झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण परिषद, रांची के क्षेत्रीय कार्यालय के कनीय पर्यावरण अभियंता गोपाल कुमार ने सशस्त्र पुलिस बल के साथ पाटन एवं नावा जयपुर थाना क्षेत्र में संचालित ईट भट्टों का स्थलीय निरीक्षण एवं छापेमारी की.

पाया गया कि अवैध रूप से ईट मिट्टी का उत्खनन, भंडारण एवं परिवहन कर चलंत चिमनी ईट भट्ठा से ईट का निर्माण कार्य यथा ईट की पराई, बोझाई एवं पकाई की जा रही है.

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इनके खिलाफ हुई कार्रवाई

पाटन के बलगाडा में स्वास्तिक ब्रिक्स के संचालक मुकेश कुमार सिंह एवं मंझौली में मेसर्स एसआरबी ब्रिक्स के संचालक प्रो जगदेव यादव के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई.

वहीं नावा जयपुर थाना क्षेत्र के कतरी में मिथलेश साव एवं तीसीबार में मैसर्स पूजा ब्रिक्स के संचालक प्रो. जगदेव यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.

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200 स्थाई ईंट भट़्ठा संचालकों को जारी किया गया है नोटिस

खनन पदाधिकारी ने बताया कि हरिहरगंज में 20, नावा बाजार में 19, नौडीहा बाजार में 06, लेस्लीगंज में 09, विश्रामपुर 07 पांकी में 07, पंडवा में 10, सदर मेदिनीनगर में 02, हुसैनाबाद में 18, छतरपुर में 16, पाटन में 25, हैदरनगर में 07, पांडू में 04, मोहम्मदगंज में 04, तरहसी में 02, चैनपुर में 28, पिपरा में 06, मनातू में 03, उंटारी रोड में 04, सतबरवा में 01 संचालित स्थाई ईंट भट़्ठा संचालक को सरकारी राजस्व के भुगतान के लिए पूर्व में नोटिस दिया जा चुका है.

वैसे स्थाई ईंट भट़्ठा संचालक, जो अबतक सरकारी राजस्व का भुगतान नहीं किये हैं. उनके विरुद्ध झारखण्ड लघु खनिज समनुदान नियमावली, 2004 यथा संसोधित 2019 के नियमों एवं अन्य सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई करते हुए उनके कारोबार को पूर्णतः रोक लगाई जाएगी.

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