
Ranchi: हर चुनाव से पहले कोई भी राजनीतिक पार्टी पब्लिक से वादों की एक लिस्ट तैयार करती है. जिसे अपने घोषणा पत्र में पार्टियां जगह देती हैं. झारखंड विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी और जेएमएम ने जनता से कई वादे किए.
पोस्टर-बैनर और सोशल मीडिया पर दोनों पार्टियों ने जमकर इन वादों का प्रचार किया. जनता को बीजेपी से ज्यादा जेएमएम के वादे पसंद आए. जेएमएम को चुनाव में अप्रत्याशित जीत मिली. अब अपने सहयोगी पार्टी की मदद से हेमंत सोरेन 29 को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने जा रहे हैं.
लेकिन शपथ से पहले ही जनता सोशल मीडिया पर हेमंत को उनके वादे याद दिला रही है. उनके पोस्टरों को ट्रेंड किया जा रहा है. ट्विटर, फेसबुक और व्हाट्सएप जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उन्हें याद दिलाया जा रहा है कि उन्होंने जनता से कौन-कौन से वादे किए हैं.
सोशल मीडिया पर इन वादों को किया जा रहा है ट्रोल
बेरोजगारों को भत्ता देने वाला वादा
सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा बेरोजगारों को भत्ता देने वाला वादा ट्रोल हो रहा है. हेमंत सोरेन की तस्वीर के साथ यह लिखा हुआ पोस्टर ट्रोल किया जा रहा है कि राज्य के सभी स्नातक पास बेरोजगारों को 5000 रुपए और स्नातकोत्तर बेरोजगारों को 7000 रुपए बेरोजगारी भत्ता दिया जाएगा.

लोगों के बीच यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि बेरोजगारी के इस आलम में आखिर कैसे अपना वादा पूरा करते हैं. क्योंकि खजाना पहले से ही खाली है.
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गरीब परिवारों को 72000 की सालाना आर्थिक मदद
गरीब परिवारों को हर साल 72000 रुपए देने का वादा भी ट्रोल हो रहा है. इस वादे की चर्चा भी खूब हो रही है. बात हो रही है कि आखिर कैसे हेमंत सरकार इस चुनौती से निकल पाती है.
पेंशन की राशि बढ़ा कर 2500 की जाएगी
हेमंत सरकार ने चुनाव से पहले जनता से वादा किया है कि बुजुर्गों, दिव्यांगों और विधवा महिलाओं को मिलने वाले पेंशन की राशि बढ़ा कर 2500 कर दी जाएगी.
अभी करीब 1000 रुपए का पेंशन हर किसी को मिलता है. पेंशन बढ़ाए जाने का भी असर सरकारी खजानें पर पड़ेगा. लेकिन लोगों को इस वादे से काफी उम्मीदे हैं.
तीन कमरे का घर बनाने के लिए मिलेंगे तीन लाख रुपए
हेमंत सोरेन के इस वादे पर लोगों की खास नजर है. क्योंकि इससे पहले बीजेपी सरकार की तरफ से केंद्र सरकार पीएम आवास योजना चला रही है. इस योजना के लिए लाभुक को करीब 1.5 लाख रुपए दिए जाते हैं. 
लेकिन हेमंत ने इस राशि को दोगुनी करते हुए तीन लाख रुपए देने का वादा किया है. जिसपर लोगों की नजर है आखिर हेमंत इस वादे के साथ क्या करते हैं.
किसानों के दो लाख तक के कर्ज माफ होंगे
हेमंत सोरेन ने किसानों से वादा किया है कि अगर उनकी सरकार बनेगी तो वो किसान के दो लाख तक के कर्ज माफ कर देंगे. मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ चुनाव जीतने के बाद कांग्रेस की सरकार वहां ऐसा किया.
लेकिन झारखंड में हेमंत की सरकार यह काम करती है तो उसपर करीब 7000 करोड़ का बोझ पड़ेगा. जो मौजूदा खजाने की स्थिति को देखते हुए एक गंभीर सवाल खड़ा करता है कि क्या छत्तीसगढ़ और एमपी जैसे राज्यों की तरह झारखंड में किसान का कर्ज माफ हो पाएगा.
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