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धनबाद के निरसा में चाल धंसने से 8 लोगों की मौत, कई के मलबे में दबे होने की आशंका

Dhanbad: जिले के निरसा, मुगमा और पंचेत में अवैध उत्खनन के दौरान चाल धंसने से 8 लोगों की मौत की खबर है. कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है. जानकारी के मुताबिक, निरसा के गोपीनाथपुर- 2 मुगमा- 3, पंचेत के दहीबाड़ी-3 लोगों की मौत मंगलवार की सुबह मलबे में दब कर हुई है. हालांकि घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.

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मंगलवार की अहले सुबह करीब पांच बजे  निरसा थाना क्षेत्र अंतर्गत पड़ने वाली कापासारा आउटसोर्सिंग परियोजना खदान में अवैध मुहाना से कोयला उत्खनन करने के दौरान चाल गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई. वहीं पंचेत इलाके में बीसीसीएल सीवी एरिया के बंद पड़े आउट सोर्सिंग सी पेंच कोयला तस्करी के दौरान चाल धंसने से तीन लोगों की मौत हो गई. इस घटना को देख आउटसोर्सिंग में अवैध ढंग से कोयला चुनने वालों में भगदड़ मच गई और आउटसोर्सिंग परियोजना में सन्नाटा पसर गया. इधर, निरसा गोपीनाथपुर ओसीपी में अवैध उत्खनन के दौरान चाल धंस गया. जिसमें 3 लोगों की मौत हो गई. हलांकि, इसीएल, आउटसोर्सिंग प्रबंधन व स्थानीय प्रशासन ने ऐसी किसी प्रकार की घटना से इनकार किया है.

Sanjeevani

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जानकारी के मुताबिक मंगलवार की अहले सुबह रोजाना की भांति सैकड़ों की संख्या में लोग कोयला उत्खनन करने खदान में उतरे. इसी दौरान रावण सीढ़ी नामक स्थान के समीप बने मुहाना के अंदर लोग कोयला काट रहे थे. इसी दौरान अचानक चाल गिर पड़ा. इसकी चपेट में आने से तीन लोगों की मौत घटनास्थल पर हो गई. उनके सहयोगियों ने मलवा से निकाल कर सभी शव ले भागे. सभी मृतक दूसरे जिलों का रहने वाला बताया जाता है.

स्थानीय लोग कोलियरी प्रबंधन को इस घटना के लिए जिम्मेदार ठहरा रहे हैं. वही घटना को देखते हुए मुगमा एरिया प्रबंधन द्वारा जेसीबी लगा कर मलबा हटाने का कार्य किया जा रहा है. ओसीपी में जलजमाव के कारण जेसीबी को मलबा हटाने में काफी परेशानी हो रही है.

घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं

बता दें कि इन दिनों निरसा क्षेत्र में अवैध उत्खनन धड़ल्ले से जारी है परंतु प्रशासन इस पर रोक लगाने में असफल है. जिसके कारण आज यह बड़ी घटना घटी है. मौके पर अब तक प्रशासन या मुगमा एरिया का एक भी अधिकारी उपस्थित नहीं है. वही अब तक इस घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है. अगर कोलियरी प्रबंधक और प्रशासन अब भी सक्रिय नहीं होते हैं तो ऐसी कई बड़ी घटना के होने से इनकार नहीं किया जा सकता है क्योंकि निरसा क्षेत्र में दर्जनों जगह अवैध उत्खनन अब भी जारी है.

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