रांचीः जेपीएससी नियुक्ति घोटाले में हाइकोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि वह सीबीआइ को तत्काल मैन पावर सहित अन्य आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराये. कोर्ट ने सीबीआइ की ओर से दायर हस्तक्षेप याचिका को स्वीकार करते हुए कहा कि सीबीआइ ने जो संसाधन और लॉजिस्टिक सपोर्ट उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है, उसे दिया जाये.
सीबीआइ की ओर से वरीय अधिवक्ता मो मोख्तार उपस्थित थे. सीबीआइ को जेपीएससी की ओर से ली गयी 11 नियुक्ति परीक्षाओं और वित्तीय अनियमितता की जांच सौंपी गयी है. संसाधनों की कमी को देखते हुए सीबीआइ ने याचिका दायर की थी. इसमें कहा गया था कि जेपीएससी नियुक्ति घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार से आठ इंस्पेक्टर या सब-इंस्पेक्टर, आठ कांस्टेबल, वाहन, कंप्यूटर आदि की आवश्यकता है.
जेपीएससी परीक्षाओं की सीबीआइ जांच के आदेश पर पुनर्विचार को लेकर दायर याचिका झारखंड हाइकोर्ट ने मंगलवार को सुनवाई के बाद खारिज कर दी. याचिका प्रार्थी राधा प्रेम किशोर की ओर से दायर की गयी थी. इसमें कहा गया था कि एकल पीठ के आदेश के खिलाफ राज्य सरकार ने अपील याचिकाएं दायर की थीं.
पिछले दिनों कोर्ट ने परीक्षाओं में बरती गयी अनियमितताओं की जांच का आदेश दिया है. अपील याचिकाओं पर कोई फैसला नहीं सुनाया है. एकल पीठ ने राज्य सरकार के बरखास्तगी संबंधी आदेश को निरस्त कर दिया था.




