
Ranchi: सीवरेज-ड्रेनेज का काम देख रही ज्योति बिल्डटेक के कार्य रिपोर्ट को गुमराह करने वाला बताते हुए मेयर ने कंपनी को टर्मिनेट करने की अनुशंसा की है. कंपनी की गलत रिपोर्ट पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा कि जिस गति से कंपनी काम कर रही है. उससे लगता है कि कंपनी अगले छह माह में भी कार्य पूरा नहीं सकती. तीन दिन पहले ही उन्होंने कंपनी को 15 दिसम्बर तक बाकी बचे 104 किमी कार्य के स्टोलेशन को पूरा करने का निर्देश दिया था, जिसकी संभावना कम दिखती है. ऐसे में कंपनी को टर्मिनेट करने के अलावा कोई दूसरा उपाय नहीं है. मेयर बुधवार को निगम क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में हो रहे सीवरेज-ड्रेनेज कार्य के निरीक्षण में थीं. मेयर के साथ डिप्टी मेयर संजीव विजयवर्गीय, नगर आयुक्त मनोज कुमार, कई अभियंता, ज्योति बिल्डटेक कंपनी के अधिकारी मौजूद थे. निरीक्षण कार्य के इस दौरान मेयर ने अभियंताओं पर भी कार्य में लापरवाही बरतने की बात करते हुए उनके वेतन रोकने का आदेश दिया.
वार्ड नं 1, 2, 3, 4, 5 का किया निरीक्षण
मेयर ने वार्ड संख्या 1,2,3,4,5 में चल रहे सीवरेज-ड्रेनेज कार्य का निरीक्षण किया. इस दौरान इन इलाकों में कार्य अधूरे पाये गयेः
- वार्ड 1 में मिशन गली, मेंहदी हसन रोड और आस-पास
- वार्ड 2 में एदलहातु रोड नंबर 1, रंजन सिंह फार्म हाउस रोड, कांके रोड विद्यापति
- वार्ड 3 में आशाश्री गार्डेन रोड, टाईबल इंस्टिट्यूट, चिरौंदी, सरैयाटाड़, अंतू चौक रोड
- वार्ड 4 और 5 में मड़ैया टोली, नायक टोली, खिजुरी टोली
समीक्षा बैठक में जता चुकी हैं नाराजगी
मालूम हो कि शुक्रवार को मेयर आशा लकड़ा ने अपने कार्यालय कक्ष में सीवरेज-ड्रेनेज योजना के तहत चल रहे निर्माण कार्य की समीक्षा की थी. बैठक में उन्होंने कंपनी ज्योति बिल्डटेक के अधिकारियों को कार्य में लापरवाही बरतने पर फटकार लगायी थी. कंपनी के प्रतिनिधियों को चेतावनी देने के साथ ही कहा था कि हर हाल में 15 दिसम्बर तक 104 किमी तक इंस्टॉलेशन कार्य पूरा करें. ऐसा नहीं होने पर उन्होंने कंपनी को ब्लैक लिस्टेड करने का निर्देश भी उन्होंने दिया था. बैठक में उन्होंने सीवरेज-ड्रेनेज कार्य की गलत रिपोर्ट तैयार करने पर कई अभियंताओं को फटकार भी लगायी थी.
अभियंताओं की सैलरी रोकने का दिया निर्देश
निरीक्षण के दौरान सीवरेज-ड्रेनेज कार्य से जुड़ी गलत रिपोर्ट पेश करने पर मेयर ने नाराजगी जतायी. उन्होंने कहा कि निगम के अभियंताओं की गलत रिपोर्ट के कारण कार्य पूरा नहीं हो पाता है. ऐसी लापरवाही को देखते हुए मेयर ने कई अभियंताओं के वेतन रोकने का आदेश दिया. इसमें मुख्य अभियंता अजीत लुईस लकड़ा, तकनीकी कार्यपालक अभियंता यू.एन. तिवारी, सहायक अभियंता गौतम और कनीय अभियंता आदि शामिल है. इसपर कार्रवाई करते हुए उन्होंने कार्रवाई नगर आयुक्त को एक रिपोर्ट देने का निर्देश दिया.
कंपनी के पास मैनपावर नहीं : नगर आयुक्त
नगर आयुक्त मनोज कुमार ने भी कहा कि कंपनी के पास न तो मैनपावर है. न ही कंपनी अपनी कार्य को सीरियस ले रही है. इसी कमी के कारण आज तक प्रोपर्टी चेम्बर से लेकर मेनहॉल को कंपनी कनेक्ट नहीं कर पायी है. इसके उलट कंपनी ने गलत रिपोर्ट पेश कर निगम के अधिकारियों को गुमराह करने का काम किया है. नगर आयुक्त ने बुधवार तक प्रोपर्टी चेम्बर से मेनहॉल तक का रिस्टोरेशन कर पूरे गली वाइज रिपोर्ट जमा करने का आदेश भी कंपनी को दिया.
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