
Ranchi : झारखंड में ‘प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना’ के तहत कुल 46 सौ किलोमीटर सड़क का निर्माण होना है. विभिन्न योजनाओं के तहत वितीय वर्ष 2021 में इन सड़कों का निर्माण होना है. वर्ष 2021 के पांच महीने गुजर जाने के बाद भी अब तक ‘प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना’ के तहत एक भी सड़क योजना को स्वीकृति नहीं मिल पायी है. बता दें कि राज्य सरकार की तरफ से इन योजनाओं के लिए दिसंबर 2020 से ही स्वीकृति लेने की तैयारी की जा रही है. स्वीकृति नहीं मिल पाने की वजह से योजना की शुरुआत नहीं हो पायी है.
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प्रस्ताव भेजने में भी हुई देर
मिली जानकारी के मुताबिक राज्य सरकार की तरफ से केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजने में थोड़ी देरी होने की वजह से मामला लटका हुआ है. इधर, मार्च में राज्य सरकार की ओर से केंद्र को करीब 1000 किमी सड़क योजना का प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन उसे भी स्वीकृति नहीं मिल पायी है.
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने झारखंड को करीब 4600 किलोमीटर सड़क योजना का लक्ष्य दिया है. लेकिन, इसके विरुद्ध यहां के लिए अब तक एक भी योजना को स्वीकृति नहीं मिल पायी है. फिलहाल भेजे गये 1000 किलोमीटर सड़क योजना के प्रस्ताव की स्वीकृति का इंतजार किया जा रहा है. यानी कुल मिला कर मौजूदा समय में झारखंड के पास एक भी नयी सड़क योजनाएं नहीं है.
कोरोना ने काम किया प्रभावित
‘प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना’ की स्वीकृति लेने में काफी परेशानी हो रही है. प्रस्ताव तैयार करने से लेकर उसे दिल्ली भेजने में काफी समय लग रहा है. इंजीनियरों का कहना है कि कोरोना महामारी की वजह से काम प्रभावित है. योजनाओं का डीपीआर तैयार कराने से लेकर हर काम में परेशानी आ रही है.
हाल के महीनों में भी बड़ी संख्या में इंजीनियर कोरोना संक्रमित हो गये. इसका असर यह हुआ कि योजनाओं का डीपीआर ही तैयार नहीं हो पा रहा है. फील्ड में कार्यरत इंजीनियर भी बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमित हैं. इसका सीधा असर काम पर पड़ रहा है. .
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