
Narsighpur (Madhya Pradesh) : भाजपा के लोकसभा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने आज कहा कि केंद्रीय मंत्रियों की अहमियत कम हुई है और पार्टी (भाजपा) ‘वन मेन शो’ और ‘टू मेन आर्मी’ है. सिन्हा ने संवाददाताओं से कहा कि हमें ही नहीं, बहुत सारे लोगों को महसूस होता है कि ‘वन मेन शो’ और ‘टू मेन आर्मी’ है. ऐसा नहीं होना चाहिये, हमें सामूहिक निर्णय लेना चाहिये. पत्रकार वार्ता में उनकी बगल में भाजपा के ही असंतुष्ट वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा भी मौजूद थे. किसानों की मांगों के समर्थन में यशवंत सिन्हा के धरने में शामिल होने शत्रुघ्न सिन्हा कल यहां आये थे. यशवंत ने चार दिवसीय धरना कल रात को समाप्त कर दिया.
80 प्रतिशत मंत्रियों को लोग जानते नहीं, जानते-पहचानते हैं तो वह किसी के नहीं दिखते
शत्रुघ्न ने केन्द्रीय मंत्रियों के बारे में कहा कि मंत्रियों की अहमियत बहुत कम हो गयी है. बहुत सारे लोग 80 प्रतिशत मंत्रियों को जानते नहीं होंगे, जानते होंगे तो मानते नहीं होंगे, मानते होंगे तो पहचानते नहीं और पहचानते हैं तो किसी काम के नहीं दिखते. ऐसा क्यों हो रहा है. एक सामूहिक निर्णय ( कलेक्टिव डिसीजन) लेना चाहिये. अटल जी की सरकार में हम सबकी अपनी पहचान थी. एक सवाल पर शत्रुघ्न सिन्हा ने हंसते हुए कहा कि आपके सवाल में ही जवाब छिपा है. यदि जनता को महसूस होता है कि तरक्की के काम नहीं हुए, भाषण हुए या जुमलेबाजी हुई, उसका खामियाजा हम पहले भी भुगत चुके हैं. हम लोग बहुमत से आते हैं, जनता हमें स्थायी नहीं कर देती है. उन्होंने कहा कि आपने देखा होगा कि जिनके परिवार का इतना बड़ा योगदान रहा. देश में नेहरू, इंदिरा और राजीव गांधी की मजबूत सरकार आयी थी. उसको भी उस बहुमत गंवाने में बहुत वक्त नहीं लगा. उन्होंने कहा कि बहुमत का आना जाना देश की जनता पर निर्भर करता है. धनशक्ति, जनशक्ति पर कितना भी हावी क्यों न हो जाये, लेकिन एक वक्त जनशक्ति उभरती है और वही फैसला करती हैं.




