
Ranchi : पिछले दिनों राज्य में तीसरी दफा पंचायत चुनाव संपन्न हो गये. इसके जरिये राज्यभर में 60,000 से अधिक जनप्रतिनिधि (पंचायत) निर्वाचित हुए. अब पंचायती राज विभाग (झारखंड सरकार) इन्हें ट्रेंड कर उनके सशक्तिकरण करने के प्रयास में लग गयी है. ट्रेनिंग प्रोग्राम के जरिये नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों को केंद्र प्रायोजित राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान (RGSA) और राज्य सरकार के स्तर से संचालित योजनाओं की जानकारी दी जायेगी. ट्रेनिंग प्रोग्राम के लिये पंचायती राज विभाग ऐसे एनजीओ, संगठन की तलाश में लगा है जो तरीके से इस प्रोग्राम का पूरा करा सके. इसके लिये विभाग की ओर से EOi (Expression of interest) भी जारी कर दिया गया है.
किन्हें मिलेगा ट्रेनिंग का लाभ
ट्रेनिंग प्रोग्राम के जरिये नव नर्वाचित वार्ड सदस्यों (पंचायत), मुखिया, पंचायत समिति सदस्य, प्रमुख, उप प्रमुख, जिला परिषद सदस्य, जिला परिषद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के अलावे फिल्ड लेवल वर्कर्स को भी लाभान्वित किया जायेगा. इनमें आंगनबाड़ी वर्कर्स, सहिया, जल सहिया, क्लस्टर रिसोर्स पर्सन शामिल हैं. साथ ही कम्युनिटी बेस्ड ऑर्गेनाइजेशन जैसे एसएचजी और ऐसे ही अन्य ग्रुप भी इनमें हैं.
कितनों को होगा फायदा
राज्य में 4545 ग्राम पंचायत हैं. ऐसे में 4345 मुखिया के अलावे ग्राम पंचायत के 53479 वार्ड सदस्यों, 5341 पंचायत समिति सदस्यों तथा 536 जिला परिषद सदस्यों को प्रशिक्षण का लाभ मिलेगा. इनमें पंचायत समिति प्रमुख-उप प्रमुख के अलावे जिला परिषद के प्रमुख और उप प्रमुख भी शामिल हैं. प्रशिक्षण कार्यक्रम के जरिये प्रतिनिधियों को अपने संवैधानिक हक, पंचायती राज कानूनों, अधिकारों, ग्राम विकास तथा अन्य योजनाओं को समझने में आसानी होगी.
इसे भी पढ़ें: टाटा मोटर्स में फिर निकला क्लोजर नोटिस, एक जुलाई को भी बंद रहेगी कंपनी




