
Yangon : म्यामां पुलिस ने सरकारी कार्यालय पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे रखाइन बौद्धों पर कल देर रात गोलियां चालाईं जिसमें सात लोगों की जान चलीं गईं और कम से कम एक दर्जन लोग घायल हो गये. हजारों की संख्या में बौद्ध समुदाय के लोग कल म्राउक यू में एक समारोह में भाग लेने के लिए इकट्ठा हुये थे. म्राउक यू एक प्राचीन मंदिर परिसर है जो कि अब तक यहां हुई हिंसा से अछूता रहा है.
हिंसा के भड़कने का कारण स्पष्ट नहीं
यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि रैली में हिंसा कैसे भड़क गयी. लेकिन यह हिंसा म्यामां और बांग्लादेश के बीच समझौते वाले दिन हुई, जिसमें 655,000 रोहिंग्या शरणार्थियों को स्वदेश बुलाने का समझौता हुआ है. पुलिस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि भीड़ ने जिला प्रशासनिक कार्यालय में तोड फोड़ की और रखाइन राज्य का झंडा फहराने के बाद हिंसा शुरू कर दी.
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सात की मौत 13 घायल
म्यामां के पुलिस प्रवक्ता कर्नल म्यो सोइ ने बताया कि सुरक्षा बलों ने उनसे जाने के लिए कहा और चेतावनी देने के लिए रबर की गोलियां चलायीं. लेकिन वे रूके नहीं इसलिए पुलिस को असली गोलियां चलानी पड़ी. उन्होंने कहा कि इस हिंसा में सात लोग मारे गए और 13 घायल हो गये. वहीं भीड़ के पथराव करने से 20 से ज्यादा पुलिसकर्मी घायल हो गए.
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