
Ranchi : मुख्य सचिव एल खियांग्ते ने राजधानी के करमटोली तालाब के पास झोपड़ी में रहने वाले नौ परिवारों को अन्यत्र शिफ्ट करने के लिए अब तक की कृत कार्रवाई की पूरी रिपोर्ट नगर विकास विभाग से मांगी है. दरअसल, कई माध्यमों से यह बात सामने आयी थी कि करमटोली तालाब के पास झोपड़ी में रहने वाले परिवार के लिए बनाये गये फ्लैट में वे शिफ्ट नहीं कर रहे हैं, जिस वजह से तालाब सौंदर्यीकरण का काम विगत तीन सालों से लटका हुआ है. हाालंकि, रांची नगर निगम ने इनके लिए थरपखना के वीर बिरसा नगर में बने अपार्टमेंट में फ्लैट दे रहा है, लेकिन ये लोग अपना खपरैल मकान छोड़कर वहां जाने को तैयार नहीं है. मिली जानकारी के अनुसार यहां रहने वाले लालू महली, सुमित कुमार, अंजन राम, रामकेश्वर राम, रंजन राम, विकास राम, रानी कुमारी, त्रिवेणी उरांव, लोकेश्वर साहनी, गायत्री देवी व सोमरी देवी कुल 11 को फ्लैट देने के लिए फरवरी माह मे निगम ने बुलाया था, इनमें से सिर्फ दो लोगों ने लॉटरी में भाग लेने पहुंचे, इस कारण सिर्फ दो लोग को ही फ्लैट मिल सका. निगम ने सिक्यूरिटी के रूप में 50 हजार रुपये जमा कराने की शर्त रखी है, लेकिन यह राशि देने को तैयार नहीं है. हालांकि, निगम किस्त में भी यह राशि लेने को तैयार है. बावजुद इसके अभी तक कोई खास पहल इनके द्वारा नही की गयी. सीएस कार्यालय से मिले पत्र के आलोक में नगर विकास विभाग ने रांची नगर आयुक्त को पत्र लिखा है और अविलंब मामले का समाधान करने को कहा है ताकि करमटोली तालाब के सौंदर्यीकरण का काम पूरा कराया जा सके.




